
1 / 7
Horror Movies: आज के समय में बॉलीवुड हो या फिर साउथ इंडस्ट्री सभी हॉरर-कॉमेडी फिल्म की ओर अपना रुख कर दिया है. दरअसल हाल ही प्रभास की फिल्म द राजा साब रिलीज हुई है, जिसे लोगों का मिला जुला रिस्पॉन्स देखने को मिल रहा है. आपको भी हॉरर फिल्में देखने का शौक है, तो आज हम आपको 5 ऐसी फिल्मों के बारे में बताएंगे, जिसे लोग एक बार देखने के बाद दोबारा देखने की हिम्मत नहीं कर पाते है. आइए जानते हैं उन फिल्मों के बारे में.

2 / 7
हॉरर फिल्में तो आपने बहुत देखी होगी लेकिन आज हम आपको जिन फिल्म के बारे में बताने जा रहे हैं, वो आपके दिमाग में लंबे समय तक अटकी रहती हैं. दरअसल इस मूवी को एक बार देखने के बाद लोग दोबारा देखने की हिम्मत नहीं कर पाते हैं.चलिए जानते हैं उन 5 फिल्मों के बारे में.

3 / 7
लिस्ट में पहला नाम Tusk का आता है, जिसे साल 2014 में रिलीज किया गया था. यह एक ब्लैक कॉमेडी बॉडी-हॉरर मूवी है. यह फिल्म जैसे-जैसे आगे की ओर बढ़ती है, यह धिरे-धिरे बेहद डरावनी होने लगती है. अगर आपको हॉरर फिल्म पसंद है, तो आप अपनी वॉच लिस्ट में इसे जोड़ सकते है. अगर आपने इस फिल्म को एक बार देख लिया तो यह आपके दिमाग में अटक जाएगी.

4 / 7
दूसरे नंबर पर Megan Is Missing शामिल है यह फिल्म साल 2011 में रिलीज हुई थी. इस फिल्म में दिखाया गया है कि अजनबियों से इंटरनेट पर दोस्ती करना कितना खतरनाक हो सकता है. इस मूवी में 2 टीनएज लड़किया होती है, जो एक ऑनलाइन मिले लड़के से मिलने पहुंच जाती हैं और दोनों ही लड़कियां रहस्यमयी तरीके से गायब हो जाती हैं.

5 / 7
तीसरे स्थान पर The Human Centipede फिल्म का नाम आता है. इसे साल 2009 में रिलीज किया गया था. अगर आपको हॉरर फिल्में पसंद हैं, तो आपको इस फिल्म का नाम ही काफी है. आपको बता दें कि इस फिल्म में हाई लेवल का हॉरर दिखाया गया है, जो लोगों को कई दिनों तक सोने नहीं देता है.

6 / 7
चौथे नंबर पर फिल्म Audition का नाम काबिज है. इसे साल 1999 में रिलीज किया गया था. जब यह फिल्म शुरू होती है, तो देखने में लगता है कि यह एक रोमांटिक फिल्म है. लेकिन फिल्म धीरे-धीरे इतनी डरावनी हो जाती है कि जिसे दोबारा देखने की कोई हिम्मत नहीं कर पाता है.

7 / 7
लिस्ट में आखिरी नाम Mother! का है इसे साल 2017 में रिलीज किया गया था. इस फिल्म में दिखाया गया है कि एक शांत घर कई बिन बुलाए मेहमान आना शुरू हो जाते हैं. फिर धीरे-धीरे वहीं शांत घर अराजकता में बदल जाता है. इसे देखने के बाद आप हफ्तों तक सोचने में मजबूर हो जाते हैं कि आखिर फिल्म में ऐसा क्या हुआ आपका दिमाग काम करना बंद कर देता है. इस फिल्म को भी लोग दोबारा देखने की हिम्मत नहीं कर पाते हैं.