रात में अच्छी नींद लेने के बाद अगर अचानक 2 या 3 बजे के आसपास आंख खुल जाए और फिर दोबारा नींद न आए, तो यह स्थिति काफी परेशान कर सकती है. कई लोग इसे तनाव, चिंता या किसी बड़ी बीमारी का संकेत मान लेते हैं, लेकिन हर बार ऐसा होना किसी गंभीर समस्या की ओर इशारा भी हो सकता है. इसलिए बेहतर है कि आप जानें कि आखिर नींद कैसे काम करती है और इस तरह का यूं नींद का खुल जाना किस बीमारी की ओर इशारा करता है.

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चरणों में होकर गुजरती है नींद

शायद आपको मालूम न हो, लेकिन हमारी नींद पूरी रात एक जैसी नहीं रहती, बल्कि अलग-अलग चरणों से होकर गुजरती है. इसमें हल्की नींद, गहरी नींद और सपनों वाली नींद यानी REM sleep शामिल होती है. रात के शुरुआती हिस्से में गहरी नींद ज्यादा होती है, लेकिन जैसे-जैसे सुबह करीब आती है, नींद हल्की होने लगती है. यही वजह है कि रात के बीच या भोर से पहले हल्की आवाज, गर्मी, बेचैनी, तनाव या बार-बार सोचने जैसी छोटी बातें भी नींद तोड़ सकती हैं.

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रात के दूसरे हिस्से में दिमाग रहता है ज्यादा सक्रिय

नींद पर हमारे शरीर की आंतरिक घड़ी यानी सर्कैडियन रिदम का भी बड़ा असर पड़ता है. यह शरीर को बताती है कि कब आराम करना है और कब जागने की तैयारी करनी है. रात बढ़ने के साथ शरीर में कुछ हार्मोनल बदलाव भी होने लगते हैं. सुबह होने से पहले कोर्टिसोल जैसे हार्मोन धीरे-धीरे बढ़ने लगते हैं, जिससे शरीर जागने की तैयारी करता है. इसी दौरान गहरी नींद कम होती जाती है और REM sleep बढ़ जाती है. इस चरण में दिमाग ज्यादा सक्रिय रहता है, इसलिए जागने की संभावना भी बढ़ जाती है. अगर इस समय तनाव, एसिडिटी, बार-बार पेशाब आना, हार्मोनल बदलाव, अनियमित दिनचर्या, देर रात भारी खाना या स्क्रीन देखने की आदत जुड़ जाए, तो दोबारा नींद आना और मुश्किल हो सकता है. इसलिए बार-बार रात में जागना सिर्फ आदत नहीं, बल्कि आपकी लाइफस्टाइल का भी संकेत हो सकता है.

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नींद टूटने पर न करें ये गलती

जब रात में अचानक नींद टूटती है, तो सबसे बड़ी गलती होती है समय देखना और फिर यह सोचना कि अब कितने घंटे की नींद बची है. इससे दिमाग और ज्यादा सक्रिय हो जाता है और तनाव बढ़ने लगता है. इसी तरह मोबाइल चलाना, तेज रोशनी जलाना या सोशल मीडिया स्क्रॉल करना भी नींद को और दूर कर देता है. बेहतर यह है कि खुद को शांत रखें और शरीर को दोबारा आराम की स्थिति में आने का मौका दें. अगर नींद टूटने की समस्या कभी-कभार हो रही है, तो घबराने की जरूरत नहीं है. लेकिन अगर यह परेशानी रोज होने लगे, दिनभर थकान रहे, चिड़चिड़ापन बढ़े या सुबह उठकर भी शरीर थका हुआ लगे, तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए, बल्कि तुंरत डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए.

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रात में बार-बार नींद टूटती है तो अपनाएं ये आसान उपाय

बेहतर और गहरी नींद के लिए आप ये आसान तरीके अपना सकते हैं:

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  • सोने से 1-2 घंटे पहले स्क्रीन बंद करें.
  • रात में हल्का और संतुलित खाना खाएं.
  • 20 मिनट तक नींद न आए तो बिस्तर छोड़ दें, और हल्की रोशनी में शांत बैठें, किताब पढ़ें या गहरी सांस लें.
  • फोन चलाने से बचें.
  • रोज एक तय समय पर सोने-जागने की आदत बनाएं.

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अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.