मां लक्ष्मी क्यों दबाती हैं भगवान विष्णु के पैर, जानें कारण व महत्व

Spiritual Story: शुक्रवार के दिन मां लक्ष्मी की विधिपूर्वक पूजा अराधना करने से धन- संपदा और सारी मनोकामनाएं पूरी होती हैं। मां लक्ष्मी भगवान विष्णु के पैर दबाती है। इसके पीछे की वजह पौराणिक कथा में बताई गई है।

image (37)
विज्ञापन

Spiritual Story: मां लक्ष्मी धन वैभव और अपार खुशियों को देने वाली देवी हैं। वैसे तो पूजा-पाठ के लिए हर दिन खास होता है, लेकिन शुक्रवार के दिन मां लक्ष्मी की विधिपूर्वक पूजा अराधना करने से धन- संपदा और सारी मनोकामनाएं पूरी होती हैं। माता लक्ष्मी भगवान विष्णु की पत्नी है, इस वजह से जहां भगवान विष्णु निवास करते है, वहां माता लक्ष्मी जी भी निवास करती हैं। क्षीर सागर में भगवान नारायण शेषनाग की शय्या पर विराजमान होते हैं, तो माता लक्ष्मी हमेशा उनके पास बैठकर पैर दबाती हैं। ऐसे ही एक बार माता लक्ष्मी भगवान विष्णु के पैर दबा रही थी। तभी वहां से नारद जी गुजरते है। माता लक्ष्मी को पैर दबाता देख उन्होने मां लक्ष्मी से प्रश्न किया कि आप श्री हरि के चरण क्यो दबाती हैं। इस पर माता लक्ष्मी ने क्या बताया आपको बताते है।

पौराणिक कथा के अनुसार पैर दबाने का महत्व

मां लक्ष्मी भगवान विष्णु के पैर दबाती है। इसके पीछे की वजह पौराणिक कथा में बताई गई है। कथा में बताया गया है, कि एक बार मां लक्ष्मी श्री हरि के पैर दबा रही थीं। तभी वहा से नारद जी निकल रहे थें। माता लक्ष्मी को पैर दबाता देख उन्होने मां लक्ष्मी से पूछा कि आप हमेशा प्रभु के चरण क्यो दबाती है। मां लक्ष्मी जी ने मुस्कराते हुए नारद जी को बताया कि ये सारी सृष्टि ग्रहों के अधीन है। माता लक्ष्मी ने बताया कि महिलाओं के हाथों में गुरु बृहस्पति देव निवास करते हैं, जो कि ग्रहों के गुरू होते हैं।

विज्ञापन

फिर उन्होने आगे बताया कि पुरुषों के चरणों में शुक्राचार्य वास करते हैं। जो कि दैत्यो के गुरू होते हैं। इस वजह से जब महिलाएं पुरुषो के पैर दबाती हैं, तो पैर दबाने के माध्यम से देव और दानवों का मिलन होता है और जब देव और दानव का मिलन होता है, तब समुंद्र मंथन के अमृत समान धन की वर्षा होती है। उस घर में हमेशा सुख- समृद्धि आती है।

 

विज्ञापन

दूसरी कथा के अनुसार

हिंदू धर्म में पैर दबाने के पीछे का दूसरा कारण यह भी बताया गया है, मां लक्ष्मी की बड़ी बहन अलक्ष्मी है। जो कि मां लक्ष्मी का बिलकुल विपरीत हैं। जिनको दरिद्रता कहते है। लक्ष्मी जी की पूजा अराधना करने से धन, सुख -समृद्धि आती है। लक्ष्मी जी के घर आने से अपार धन की प्राप्ति होती है।

विज्ञापन

कहावत है, कि लक्ष्मी जी की बड़ी बहन उनसे ईर्ष्या करती है, इस वजह से अलक्ष्मी जहां वास करती है, वहां दरिद्रता, समस्याएं आती है। अलक्ष्मी धन, सुख- समृद्धि को घर से दूर कर देती है। इस वजह से जगत की रक्षा और जगत को अलक्ष्मी से बचाने के लिए मां लक्ष्मी सदैव विष्णु भगवान के पास बैठकर उनके पैर दबाती हैं।

डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी उपाय को करने से पहले संबंधित विषय के एक्सपर्ट से सलाह अवश्य लें। 

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

/ताज़ा खबरें

विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ