संघ लोक सेवा आयोग (UPSC- 2024) के परिणाम घोषित हो चुके हैं। इस बार UPSC- 2024 का रिजल्ट एक इतिहास गवाह बना है। UPSC- 2024 में महाराष्ट्र के यवतमाल शहर की रहने वाली अदीबा अनम अशफाक अहमद ने पूरे भारत में 142वीं रैंक हासिल की है। अदीबा ने UPSC रिजल्ट में जो रैंक हासिल किया है, उसे देखते हुए यह पूरी संभावना है कि उन्हें IAS की पोस्ट मिल जाएगी। अगर ऐसा होता है, तो अदीबा अनम महाराष्ट्र की पहली महिला मुस्लिम IAS अधिकारी बनेंगी।
हासिल किया ऑल इंडिया रैंक 142
महाराष्ट्र का यवतमाल शहर एक आदिवासी बहुल इलाका है। ऑल इंडिया रैंक 142 हासिल करने वाली अदीबा अनम अशफाक अहमद ने इससे पहले UPSC में इंटरव्यू तक पहुंची थी। लेकिन आखिरी राउंड में वह सिलेक्ट नहीं हो पाई। इस बार उन्होंने दोबारा से UPSC की परीक्षा दी और 142 रैंक हासिल किया। पूरे जिले से अदीबा को उनकी सफलता पर बधाइयां मिल रही हैं।
ऑटो चालक की बेटी
जानकारी के अनुसार, अदीबा अनम एक ऑटो चालक अशफाक अहमद की बेटी हैं। UPSC की तैयारी के लिए अदीबा ने पहले हज हाउस आईएएस ट्रेनिंग इंस्टिट्यूट से पढ़ाई की, उसके बाद जामिया आवासीय ट्रेनिंग इंस्टिट्यूट में पढ़ाई की। अदीबा को यह सफलता अपने चौथे प्रयास में मिली।
अदीबा अनम की पढ़ाई
वहीं, अदीबा ने अपनी स्कूली शिक्षा जफरनगर जिला परिषद उर्दू प्राइमरी स्कूल से पूरी की। यहां उन्होंने कक्षा 1 से लेकर 7वीं तक पढ़ाई की। इसके बाद शिक्षा जिला परिषद एक्स गवर्नमेंट गर्ल्स हाई स्कूल से कक्षा 8 से 10 तक की पढ़ाई की। इसके बाद यवतमाल के शिक्षा जिला परिषद एक्स गवर्नमेंट कॉलेज से अदीबा ने कक्षा 11वीं से लेकर 12वीं तक की पढ़ाई की। अदीबा ने पुणे के इनामदार सीनियर कॉलेज से गणित में B.Sc की डिग्री हासिल की। इसके बाद पुणे की एक एकेडमी से अदीबा ने UPSC फाउंडेशन कोचिंग ली।
पूरा नहीं हो पाया सपना
अपनी सफलता पर अदीबा ने कहा कि आखिरकार उनका सपना सच हो गया है। अदीबा ने बताया कि वह पहले डॉक्टर बनना चाहती थी। लेकिन उनके पास सुविधाओं की कमी थी, जिसके कारण उनका यह सपना पूरा नहीं हो पाया। अदीबा ने कहा कि यवतमाल में सेवा एनजीओ के सचिव निजामुद्दीन शेख से प्रेरित होकर IAS बनने का फैसला किया था। अदीबा ने बताया कि जब वह अपने पहले 3 प्रयास में असफल हुईं, तो काफी टूट गई थीं। फिर भी उन्होंने चौथी कोशिश की और सफल हुईं।