अहमदाबाद में एयर इंडिया विमान क्रैश हुआ था। इस हादसे में 241 यात्रियों समेत 270 लोगों की मौत हुई थी। इस हादसे में विमान में सवार एक यात्री जिंदा बचा था, जिसे चमत्कार ही माना जा रहा है। वहीं, इस दुर्घटना में मारे गए लोगों के शव डीएनए टेस्ट के बाद परिजनों को सौंपे जा रहे हैं। अब तक कितने शवों की पहचान हो चुकी है और कितने शव अब तक सौंपे जा चुके हैं, इसको लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है।
अहमदाबाद सिविल अस्पताल के अधीक्षक राकेश जोशी ने बताया कि आज शाम 5:45 बजे तक 163 डीएनए सैंपल मैच हो चुके हैं। 124 मृतकों के शव उनके परिजनों को सौंप दिए गए हैं, जबकि 39 में से 21 मृतकों के शव सुबह तक उनके परिजनों को सौंप दिए जाएंगे। दो मृतकों के शव सौंपे जाने की प्रक्रिया चल रही है।
अस्पताल में भर्ती 2 और की मौत
उन्होंने बताया कि 12 परिवार अभी भी डीएनए जांच के नतीजों का इंतजार कर रहे हैं, जबकि 4 शवों को सौंपने का काम कुछ कानूनी कारणों से रुका हुआ है। उन्होंने यह भी बताया कि दुर्घटना के दिन 71 घायल लोगों को सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उनमें से 42 ठीक हो चुके हैं और उन्हें छुट्टी दे दी गई है। अभी नौ मरीज अस्पताल में भर्ती हैं। राकेश जोशी ने बताया कि अस्पताल में भर्ती दो लोगों की मौत हो गई है।
बता दें कि 12 जून को एयर इंडिया की फ्लाइट बोइंग 787-8 ड्रीमलाइनर अहमदाबाद के मेघानीनगर क्षेत्र में दोपहर करीब 1:40 बजे उड़ान भरने के तुरंत बाद क्रैश हो गई थी। दुर्घटना के वक्त इस विमान में क्रू मेंबर्स समेत कुल 242 लोग सवार थे, जिनमें से सिर्फ एक यात्री की जान बच पाई थी।
कैसे बचाई गई थी घायलों की जान?
विमान दुर्घटना की जानकारी मिलते ही फायर एंड इमरजेंसी सर्विसेज से जुड़े अधिकारी एक्टिव हो गए थे। सीएफओ अमित डोंगरे ने बताया कि 12 जून को दोपहर करीब 1:43 बजे घटना को लेकर फोन आया था। तुरंत सभी 19 फायर स्टेशनों को अलर्ट कर दिया गया। 100 से अधिक अग्निशमन वाहनों को घटनास्थल पर भेजा गया। घायलों को इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाने में 90 से अधिक एंबुलेंस की व्यवस्था की गई थी। करीब 4 घंटे तक ऑपरेशन चला था। सीएफओ के अनुसार, आग बुझाने में लगभग 7.5 लाख लीटर पानी का उपयोग किया गया। इसके साथ ही 650 लोगों को राहत-बचाव के कार्य में लगाया गया था।