बिहार की सम्राट सरकार ने छात्रों को फिर से बड़ी राहत दी है. बिहार सरकार ने सिर्फ 10 दिनों में अपने फैसले से यू-टर्न ले लिया है. स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना के तहत अब छात्र और छात्राओं को पहले की तरह पूरे 4 लाख रुपये तक का ब्याज फ्री एजुकेशन लोन मिलेगा. उच्च शिक्षा विभाग ने 29 अगस्त को एक नोटिफिकेशन जारी किया है, जिसके बाद 19 अगस्त का फैसला रद्द हो गया है. सरकार ने पहले स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड पर 2 लाख रुपये तक का ही लोन जारी किया था.

ये भी पढ़ें: NDA में आ गई दरार! चिराग पासवान ने जीतनराम मांझी और उनके बेटे से मांगा इस्तीफा, लेकिन क्यों?

---विज्ञापन---

विपक्ष ने उठाए थे सवाल

दरअसल, विपक्ष ने सम्राट सरकार पर सवाल उठाए थे कि स्टूडेंट्स को मिलने वाली लोन की राशि कम की गई है, जिसके बाद 10 दिन बाद ही लिमिट बदलकर 4 लाख रुपये कर दी गई. उच्च शिक्षा विभाग की तरफ से ये साफ किया गया गया है कि बिहार में हाई स्कूल एजुकेशन के लिए छात्र-छात्राओं को पहले की ही तरह शिक्षा वित्त निगम की तरफ से 4 लाख का लोन मिलता रहेगा. दरअसल, बिहार में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने सम्राट सरकार पर ये आरोप लगाया था कि खजाना खाली हो गया है और राज्य कर्जे में डूबा है. इसलिए, सरकार ने स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना की राशि घटाई गई है और स्कॉलरशिप को खत्म कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि इससे आगे की पढ़ाई करने वाले गरीब और मिडिल क्लास के छात्रों को परेशानी हो रही है.

सरकार ने क्या कहा?

विपक्ष के आरोप-प्रत्यारोपों के बीच 19 अगस्त को जारी किए गए नोटिफिकेशन पर सरकार ने सफाई देते हुए कहा कि एजुकेशन लोन की राशि कम नहीं की गई है, बस उसके तरीके बदले गए हैं. बिहार सरकार ने कहा कि पहले राज्य शिक्षा वित्त निगम स्टूडेंट्स क्रेडिट कार्ड योजना के तहत 4 लाख तक का लोन दिया जाता था, उसे अब 2 लाख तक कर दिया गया है. सरकार ने ये भी साफ किया कि अगर कोई छात्र 2 लाख से ऊपर का लोन लेना चाहता है, तो उसे केंद्र सरकार के पीएम विद्यालक्ष्मी पोर्टल से कमर्शिलय बैंकों के जरिए मदद मुहैया करवाई जाएगी.

---विज्ञापन---

ये भी पढ़ें: बिहार बोर्ड की मार्कशीट से हटेगा ‘फेल’ शब्द, नियम बदलने पर शिक्षा मंत्री का बड़ा फैसला

---विज्ञापन---