Rohit Sharma IND vs AUS: रोहित शर्मा के वनडे करियर के लिहाज से चैंपियंस ट्रॉफी 2025 को सबसे अहम माना जा रहा था। हर किसी को उम्मीद थी कि हिटमैन का बल्ला अपने पसंदीदा फॉर्मेट में खूब रन उगलेगा। हालांकि, हर मैच के साथ उम्मीदें सिर्फ और सिर्फ टूटती जा रही हैं। बांग्लादेश के खिलाफ रोहित के बल्ले से कुछ दमदार शॉट निकले थे, तो एक आस बंधी थीं। मगर पाकिस्तान के खिलाफ बल्ला फिर खामोश रहा, इसके बाद न्यूजीलैंड के गेंदबाजों के आगे भी हिटमैन ने आसानी से घुटने टेक दिए।
सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ भी रोहित करोड़ों भारतीय फैन्स का दिल तोड़कर पवेलियन लौट गए। किस्मत ने भी भारतीय कप्तान का साथ दिया और उन्हें दो बार जीवनदान मिला। हालांकि, रोहित फिर भी उल्टे-सीधे शॉट खेलते रहे और आखिरकार अपना विकेट गंवा ही बैठे।
रोहित फिर फ्लॉप
सेमीफाइनल में 265 रनों के लक्ष्य का पीछा करने के लिए रोहित शर्मा शुभमन गिल के साथ पारी का आगाज मैदान पर उतरे। कंगारू तेज गेंदबाजों के खिलाफ रोहित शुरुआत से ही थोड़ा संघर्ष करते हुए नजर आए। हिटमैन 29 गेंदों का सामना करने के बाद सिर्फ 28 रन बनाकर आउट हुए। अपनी पारी के दौरान रोहित ने तीन चौके जमाए, जबकि एक सिक्स उनके बल्ले से निकला। रोहित को दो जीवनदान मिले, लेकिन वह फिर भी इसका फायदा नहीं उठा सके।
रोहित ऑस्ट्रेलिया के पार्ट टाइम गेंदबाज कूपर कोनोली का शिकार बने। नए-नवेले बॉलर की गेंद को पड़ने में भारतीय कप्तान पूरी तरह से नाकाम रहे और विकेटों के सामने पाए गए। अपना विकेट बचाने के लिए रोहित ने रिव्यू का भी इस्तेमाल किया, पर वह ऑन फील्ड अंपायर का फैसला नहीं बदल सके।
खामोश रहा है हिटमैन का बल्ला
चैंपिंयस ट्रॉफी 2025 में भी रोहित शर्मा रनों के लिए संघर्ष करते हुए दिखाई दिए हैं। टूर्नामेंट में अब तक खेले 4 मैचों में रोहित ने 26 की मामूली औसत से सिर्फ 104 रन बनाए हैं। इस दौरान शतक तो छोड़िए हिटमैन के बल्ले से एक अर्धशतक तक नहीं निकल सका है। टूर्नामेंट में अब तक भारतीय कैप्टन का सर्वाधिक स्कोर 41 रन रहा है। टेस्ट के बाद रोहित का वनडे क्रिकेट में हाल बेहाल है। अब अगर टीम इंडिया चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में पहुंचती है, तो रोहित के पास खुद को साबित करने का शायद यह आखिरी मौका होगा।