India vs England, Sanju Samson: इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज के दूसरे मुकाबले में भारतीय टीम मैनेजमेंट ने बड़ा फैसला लेते हुए संजू सैमसन को प्लेइंग इलेवन से बाहर कर 15 साल के वैभव सूर्यवंशी को मौका दिया. हालांकि, यह बदलाव टीम के लिए ज्यादा फायदेमंद साबित नहीं हुआ. वैभव शुरुआती दोनों मुकाबलों में बड़ी पारी खेलने में नाकाम रहे, जिससे इस फैसले पर सवाल उठने लगे हैं और संजू को वापस लाने की मांग की जा रही है.
इसी बीच भारत के पूर्व असिस्टेंट कोच अभिषेक नायर ने सैमसन की वापसी को लेकर टीम मैनेजमेंट को चेताया है. नायर ने चेतावनी देते हुए कहा कि सिर्फ सैमसन को प्लेइंग 11 में वापस लाने के चक्कर में कॉम्बिनेशन के साथ खिलवाड़ न करें. उनक कहना है कि अगर संजू को मौका दिया जाए तो उन्हें उनकी पसंदीदा बल्लेबाजी पोजीशन, यानी टॉप-3 में ही खिलाया जाना चाहिए.
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'सिर्फ संजू सैमसन वापसी के लिए टीम कॉम्बिनेशन न बदलें'
टीम इंडिया के पूर्व असिस्टेंट कोच अभिषेक नायर का मानना है कि सिर्फ संजू सैमसन को प्लेइंग इलेवन में शामिल करने के लिए टीम संयोजन से छेड़छाड़ नहीं करनी चाहिए, बल्कि उन्हें उनकी पसंदीदा बल्लेबाजी पोजीशन में मौका मिले. दरअसल, इंग्लैंड के खिलाफ तीसरे टी20 में भारत की 125 रनों की करारी हार के बाद जब सोनी स्पोर्ट्स पर चर्चा के दौरान नायर से पूछा गया कि क्या सैमसन को मिडिल ऑर्डर में मौका देने के लिए तिलक वर्मा को बाहर किया जाना चाहिए?
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इस पर नायर ने साफ कहा कि, "मुझे लगता है कि अगर टीम संजू सैमसन को वापस लाना चाहती है तो उन्हें ऐसी बल्लेबाजी पोजीशन देनी होगी, जहां वह अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर सकें. सिर्फ इसलिए कि आप उन्हें प्लेइंग 11 में वापस लाना चाहते हैं, आप उन्हें नंबर-4, 5 या 6 पर बल्लेबाजी करने के लिए नहीं भेज सकते हैं. यह सही फैसला नहीं होगा."
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'टॉप-3 में ही सबसे खतरनाक हैं संजू'
अभिषेक नायर ने आगे कहा कि संजू सैमसन ने अपने करियर में ज्यादातर सफलता ओपनिंग या टॉप-3 में बल्लेबाजी करते हुए हासिल की है. ऐसे में अगर टीम उन्हें यह भूमिका नहीं दे सकती, तो बेहतर होगा कि उन्हें न खिलाएं और मौजूदा बल्लेबाजी क्रम के साथ ही आगे बढ़ें.
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उन्होंने कहा, ''संजू सैमसन सबसे अच्छा प्रदर्शन तब करता है जब वह ओपनिंग करता है या टॉप-3 में बल्लेबाजी करता है. इसलिए यदि आप उन्हें वह स्थान नहीं दे रहे हैं, तो मुझे लगता है कि बेहतर है कि आप संजू सैमसन को न खिलाएं और इसके बजाय भारत की जो मौजूदा बल्लेबाजी लाइन-अप है, उसी के साथ बने रहें."
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आंकड़े भी नायर की बात का करते हैं पुष्टि
संजू सैमसन के टी20 करियर के आंकड़े भी इस बात की पुष्टि करते हैं. उन्होंने ज्यादातर मुकाबलों में टॉप-3 में बल्लेबाजी की है, जहां उनका औसत 30 से अधिक रहा है. वहीं, चौथे नंबर पर उनका औसत घटकर 22.63 रह जाता है, जहां उन्होंने 65 पारियां खेली हैं. इसके अलावा, पांचवें नंबर पर 14 पारियों में उनका औसत सिर्फ 15.33 का है. इन आंकड़ों से साबित होता है कि संजू टॉप ऑर्डर में ज्यादा प्रभावी बल्लेबाज हैं और मिडिल ऑर्डर में वह वैसा प्रदर्शन नहीं कर पाते हैं.