IND vs ENG: लॉर्ड्स टेस्ट मैच के दौरान टीम इंडिया और इंग्लैंड के खिलाड़ियों के बीच तीखी बहस हो गई थी। लगभग 3 दिन तक खिलाड़ियों के बीच तनातनी देखने को मिली थी। जिसके बारे में अब मैनचेस्टर टेस्ट से पहले बात हो रही है। इंग्लैंड के हैरी ब्रूक ने इस बहस के लिए टीम इंडिया को जिम्मेदार ठहराया था। अब भारतीय टीम के कप्तान शुभमन गिल ने इसका जवाब दिया है। उन्होंने इंग्लिश टीम पर भड़कते हुए उस बहस का असल कारण भी बताया है।
शुभमन गिल ने बताया क्यों हुई थी बहस
लॉर्ड्स टेस्ट मैच के तीसरे दिन के अंत में कप्तान शुभमन गिल इंग्लिश बल्लेबाज जैक क्रॉली पर भड़क गए थे। जिसके बाद दोनों टीमों के बीच अगले 2 दिन तक तीखी बहस हुई। मैनचेस्टर टेस्ट मैच से पहले इसके बारे में बात करते हुए प्रेस कॉन्फ्रेंस में शुभमन गिल ने कहा, ‘मैं एक बार और हमेशा के लिए स्थिति को साफ कर दूं। उस दिन इंग्लिश बल्लेबाजों के लिए खेलने के कुल 7 मिनट बचे थे। वे क्रीज पर लगभग 90 सेकेंड की देरी से आए। 10 नहीं, 20 नहीं बल्कि 90 सेकेंड की देरी से। हां ज्यादातर टीमें यही करती हैं। अगर हम उस स्थिति में होते, तो हम भी कम ओवर खेलना पसंद करते, लेकिन ऐसा करने का एक तरीका होता है।….और हां हमें लगा की अगर आपके शरीर पर गेंद लगती है, तो फिजियो को मैदान पर आने की इजाजत है।’
90 सेकेंड की देरी ने किया परेशान
कप्तान शुभमन गिल ने पहली बार उस घटना के बारे में खुलकर बात की। गिल ने बार-बार 90 सेकेंड की देरी का जिक्र करके बताया कि असल में टीम की नाराजगी वहां पर शुरू हुई थी। जैक क्रॉली के इंजर्ड होने के बाद फिजियो के मैदान पर आने से बहस नहीं हुई थी। उन्होंने इस घटना के बारे में आगे कहा, ‘फिजियो का मैदान पर आना उचित है, लेकिन 90 सेकेंड की देरी से मैदान पर आना, मुझे नहीं लगता है कि खेल भावना के अनुरूप है।’