सोनप्रयाग से अधीर यादव की रिपोर्ट

Kedarnath Yatra 2026: बाबा केदार के दर्शनों की चाहत में निकले श्रद्धालुओं को रास्ते में ही मुसीबतों का सामना करना पड़ रहा है. केदारनाथ यात्रा मार्ग के प्रमुख पड़ाव सोनप्रयाग में मंगलवार को अचानक इतनी भीड़ उमड़ पड़ी कि घंटों जाम लग गया. वाहनों के साथ-साथ पैदल चलने वाले यात्री भी बीच रास्ते में फंस गए. छोटे बच्चे और बुजुर्ग सड़क किनारे बैठने को मजबूर हो गए.

---विज्ञापन---

मीलों लंबी कतार

सुबह से ही सोनप्रयाग में वाहनों की कतार लगनी शुरू हो गई. बाइकें, कारें और बसें, सब एक-दूसरे से आगे निकलने की कोशिश में फंसते चले गए. देखते-देखते यह जाम कई किलोमीटर लंबा हो गया. यात्री बताते हैं कि एक जगह से दूसरी जगह जाने में उन्हें तीन-चार घंटे से अधिक का समय लग गया.

---विज्ञापन---

यह भी पढ़ें: Money Manifestor Zodiac Signs: ये राशियां कहलाती हैं ‘मनी मेनिफेस्टर’, बिना मेहनत ‘जुगाड़’ से खींच लाते हैं पैसा

---विज्ञापन---

बासी खाने को मजबूर

जाम में फंसे यात्रियों के सामने खाने-पीने का भी संकट खड़ा हो गया. कई श्रद्धालुओं ने बताया कि वे पिछले कई घंटों से कुछ नहीं खा पाए हैं. आसपास कोई ढाबा या दुकान नहीं होने से हालात और गंभीर हो गए हैं. टोकन सिस्टम होने के बावजूद यात्रियों की परेशानी कम नहीं हुई है.

---विज्ञापन---

अंधाधुंध व्यवस्था पर सवाल

स्थानीय लोगों का कहना है कि सोनप्रयाग में हर साल यही समस्या देखने को मिलती है, लेकिन इस बार यह बेहद गंभीर हो गई है. संकरी सड़कें और पार्किंग की कमी इस जाम की बड़ी वजह हैं. यात्री प्रशासन से सवाल कर रहे हैं – "जब इतनी भीड़ का पहले से अंदाजा था, तो ट्रैफिक के पुख्ता इंतजाम क्यों नहीं किए गए?"

---विज्ञापन---

यह भी पढ़ें: Samudrik Shastra: महिलाओं के इन अंगों पर तिल उन्हें देता है राजयोग, जानें सामुद्रिक शास्त्र का रहस्य

21 दिन में 3 लाख से अधिक भक्त

गौरतलब है कि 22 अप्रैल 2026 को केदारनाथ धाम के कपाट खुले थे. अब तक यात्रा के 21 दिन पूरे हो चुके हैं. आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, इस दौरान 3 लाख 8 हजार से अधिक श्रद्धालु बाबा केदार के दरबार में दर्शन कर चुके हैं. इतनी बड़ी तादाद में आ रहे भक्तों को देखते हुए प्रशासन ने टोकन सिस्टम लागू किया है, लेकिन जाम ने इसकी धज्जियां उड़ा दी हैं.

पुलिस से उम्मीदें बढ़ीं

परेशान यात्रियों ने प्रशासन से जल्द से जल्द अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करने की मांग की है. विशेषज्ञों का मानना है कि सोनप्रयाग और गौरीकुंड के बीच छोटे-छोटे हिस्सों में पार्किंग जोन बनाकर वाहनों को रोका जा सकता है. तब तक के लिए यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे घर से निकलने से पहले ट्रैफिक अपडेट जरूर देख लें. अभी यात्रा के कई दिन बाकी हैं, ऐसे में अगर व्यवस्था नहीं सुधरी तो यात्रियों का हाल और बेहाल हो सकता है.

यह भी पढ़ें: Aaj ka Suvichar: नीम करोली बाबा ने बताया ईश्वर प्राप्ति का मार्ग, बस इन 5 बातों से कर लें तौबा