Kaalchakra: आज से नवरात्रि की नवमी तक करें 'सिद्ध कुंजिका स्तोत्र' का पाठ, पंडित सुरेश पांडेय से जानें लाभ
Kaalchakra Today: मां दुर्गा को समर्पित शारदीय नवरात्रि के पर्व का आरंभ हो गया है, जिसका उत्सव दुर्गा विसर्जन तक चलेगा. हालांकि, कई लोग दुर्गा विसर्जन से पहले नवमी तिथि पर कन्या पूजन करके नवरात्रि व्रत का समापन कर लेते हैं. इस दौरान पूजा-पाठ करने के साथ-साथ कुछ विशेष स्तोत्र का पाठ करना भी शुभ होता है. आज पंडित सुरेश पांडेय आपको एक प्रभावशाली स्तोत्र सिद्ध कुंजिका के महत्व और लाभ के बारे में बताने जा रहे हैं.
Kaalchakra Today 22 September 2025: आज 22 सितंबर 2025 से शारदीय नवरात्रि का आरंभ हो गया है, जिसका समापन 2 अक्टूबर को दुर्गा विसर्जन के साथ होगा. हालांकि, इससे पहले 1 अक्टूबर को नवमी की पूजा की जाएगी. इस दिन लोग कन्या पूजन करके नवरात्रि व्रत का पारण करते हैं. धार्मिक मान्यता के अनुसार, शारदीय नवरात्रि के दौरान मां दुर्गा के 9 रूपों की पूजा और व्रत रखने से खास लाभ होता है. इसके अलावा इस दौरान कुछ विशेष उपाय करने भी शुभ रहते हैं.
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आज के कालचक्र में प्रश्न कुंडली विशेषज्ञ पंडित सुरेश पांडेय आपको सिद्ध कुंजिका स्तोत्र के महत्व और पाठ करने के लाभ के बारे में बताने जा रहे हैं.
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सिद्ध कुंजिका स्तोत्र पाठ का महत्व
देवी दुर्गा को समर्पित ‘सिद्ध कुंजिका स्तोत्र’ दुर्गा सप्तशती का एक महत्वपूर्ण भाग है, जिसे पढ़ने से मां दुर्गा की असीम कृपा प्राप्त होती है और सभी प्रकार के कष्टों से मुक्ति मिलती है. जो लोग रोग, शोक, कष्ट, दरिद्रता या शत्रुओं से परेशान हैं, उन्हें इसका पाठ जरूर करना चाहिए. खासकर नवरात्रि के पहले दिन से लेकर नवमी तिथि तक पाठ करना शुभ होता है. हालांकि, नवरात्रि के बाद भी इसका नियमित पाठ किया जा सकता है.
पैसों का नुकसान हो रहा है, व्यर्थ के कामों में धन खर्च होता है, बार-बार धन चोरी हो जाता है या पैसे अटक जाते हैं तो ऐसी परिस्थिति में सुबह-शाम 16 बार सिद्ध कुंजिका स्तोत्र का पाठ करना चाहिए.
पढ़ाई में रुकावट आ रही है तो नवरात्रि में 5 बार सिद्ध कुंजिका स्तोत्र का पाठ करें.
समाज में मान-सम्मान पाने के लिए नवरात्रि में 5 बार सिद्ध कुंजिका स्तोत्र का पाठ करना चाहिए.
दरिद्रता और धन की कमी से मुक्ति पाने के लिए रोजाना 5 बार सिद्ध कुंजिका स्तोत्र का पाठ करें.
कानूनी मामलों में सफलता और कर्ज से मुक्ति पाने के लिए रोजाना 7 बार सिद्ध कुंजिका स्तोत्र का पाठ करें.
घर में सुख और शांति बनाए रखने के लिए तीन बार सिद्ध कुंजिका स्तोत्र का पाठ करें.
अच्छी सेहत और निरोगी काया के लिए सिद्ध कुंजिका स्तोत्र का तीन बार पाठ करें.
नौकरी और कारोबार में सफलता पाने के लिए पांच, सात या 11 बार सिद्ध कुंजिका स्तोत्र का पाठ करें.
हर तरह की बाधा से मुक्ति पाने के लिए तीन बार सिद्ध कुंजिका स्तोत्र का पाठ करें.
यदि आप सिद्ध कुंजिका स्तोत्र के पाठ के लाभ और नियमों के बारे में विस्तार से जानना चाहते हैं तो उसके लिए ऊपर दिए गए वीडियो को देख सकते हैं.
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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.