टीम इंडिया के इस क्रिकेटर के मुरीद हुए माइकल क्लार्क, कहा- 'वो मेरे अंडर द रडार प्लेयर हैं'
Michael Clarke Praises Indian batter Ishan Kishan: ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान माइकल क्लार्क ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 के फाइनल के बाद भारत के बैटर ईशान किशन पर बड़ा बयान दिया. अहमदाबाद में 'मेन इन ब्लू' ने न्यूजीलैंड को 96 रन से हराकर ट्रॉफी जीती, जिसमें किशन का काफी अहम योगदान रहा.

पहले बैटिंग करते हुए भारत ने बोर्ड पर 255/5 का बड़ा स्कोर बनाया. ओपनर संजू सैमसन (89) और अभिषेक शर्मा (52) ने टॉप पर लय बनाई, लेकिन माइकल क्लार्क का मानना था कि फाइनल में ईशान किशन की पारी पर ध्यान नहीं दिया गया. बाएं हाथ के इस बैट्समैन ने 25 गेंदों पर 54 रन बनाए, जिससे पारी की रफ्तार बनी रही.
2 / 6माइकल क्लार्क ने किशन की पूरे टूर्नामेंट में नंबर तीन पर खेलने के तरीके की भी तारीफ की, सैमसन के टॉप पर वापस बुलाए जाने से पहले उन्होंने ओपनिंग की थी. उन्होंने 'बियॉन्ड23 क्रिकेट पॉडकास्ट' पर कहा, 'संजू सैमसन, एक बार फिर जबरदस्त, मुझे गलत मत समझना. 46 गेंदों पर 89 रन. लेकिन मुझे लगता है कि वह 33 गेंदों पर 50 रन बना चुके थे.
3 / 6उन्होंने आगे कहा, 'अभिषेक शर्मा मेरे लिए सही हैं. जिस तरह से उन्होंने खेला. और ईशान किशन भी, वह इस गेम के लिए मेरे अंडर द रडार प्लेयर हैं, और उन्होंने टूर्नामेंट में जो किया है. वह ओपनिंग बैटिंग कर रहे थे, उन्हें सैमसन के सामने मौका मिला और उन्होंने रन बनाए. वे संजू को लाए, तीन नंबर पर बैटिंग की, T20 गेम में तीन नंबर पर बैटिंग करने और ओपनिंग करने में बहुत फर्क होता है. उन्होंने बस जारी रखा है. मुझे लगता है कि वे दो लोग, अभिषेक और ईशान, संजू को अपना नैचुरल गेम खेलने देते हैं.'
4 / 6ईशान किशन टूर्नामेंट में भारत के दूसरे सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी थे, उन्होंने 9 मैचों में 35.22 के एवरेज और 193.29 के स्ट्राइक रेट से 317 रन बनाए, जिसमें तीन हाफ-सेंचुरी भी शामिल थीं. इस प्लेयर ने इसी साल टीम इंडिया में कमबैक किया और 'मेन इन ब्लू' की जर्सी पहनते ही धमाल मचा दिया.
5 / 6ऑस्ट्रेलिया के पूर्व ऑलराउंडर डेनियल क्रिश्चियन ने भी पूरी पारी में बल्ले से जबरदस्त अप्रोच के लिए भारतीय टीम की तारीफ की. उन्होंने कहा, 'दुनिया भर में बहुत सारे दूसरे क्रिकेट में, आप पावरप्ले के बाद का समय देखते हैं, जहाँ छह से दस तक रन थोड़ा धीमा हो जाता है. लेकिन वहाँ, जब विकेट अच्छे होते हैं, और आप जानते हैं कि भारत में पारी के आखिर में, यह धीमा हो सकता है, तो वे बस शुरुआत में ही इसका फायदा उठाते हैं और जितना हो सके उतना जोर लगाते हैं.'
6 / 6इसके अलावा माइकल क्लार्क ने कहा कि भारतीय टीम ने अपनी बैटिंग लाइन-अप में टॉप ऑर्डर से लेकर 7वें या आठवें नंबर तक पावर-हिटर्स को चुना, और हर बार 200 से ज्यादा रन बनाने का भरोसा किया. बता दें कि क्लार्क की कप्तानी में ही ऑस्ट्रेलिया ने 2015 का वर्ल्ड कप जीता था.