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मध्य पूर्व के मुस्लिम देश ईरान के हाथ कुबेर का खजाना लगा है, क्योंकि ईरान की बंजर और पथरीली जमीन में सोना दबा था, जो खुदाई में हाथ लगा और इस पर माइनिंग मिनिस्ट्री ने मुहर भी लगा दी है. अब ईरान सरकार पूरे देश में खुदाई कराएगी, ताकि ईरान की धरती के नीचे जितना भी खजाना छिपा है, उसे निकालकर अमीर बना जा सके.

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ईरानी न्यूज एजेंसी फारस न्यूज की रिपोर्ट के मुताबिक, करीब 2.2 करोड़ टन सोना मिला है और यह सोना ईरान के उस इलाके में मिला है, जो आज तक का सबसे पिछड़ा इलाका है. दक्षिण-पूर्वी ईरान के सिस्तान और बलूचिस्तान प्रांत में सोने की खदान है. तख्त गोल्ड माइन में करीब 1.6 करोड़ टन सोने का अयस्क पाया गया है.

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बता दें कि ईरान को खुदाई में जितना खजाना मिला है, उसने ईरान के सोने के भंडार कों रातों-रात 10% बढ़ा दिया है. अब इस खजाने से ईरान अमेरिकी प्रतिबंधों का और मजबूती से सामना कर सकेगा. अपनी आर्थिक स्थिति को ठीक करके संकट से जूझ रहे लोगों की मदद कर सकेगा, वहीं ईरान में पसरा तनाव भी खत्म हो जाएगा.

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विशेषज्ञों का कहना है कि ईरान की धरती खनिज पदार्थों और रेयर अर्थ एलिमेंट्स का भंडार है, लेकिन अभी तक उनकी सही तरीके से खोज नहीं की गई है. हाल ही में खुदाई के दौरान जितना सोना मिला है, उसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि देश में कई इलाके ऐसे हैं, जिनकी आज तक खुदाई नहीं हुई और उनके नीचे अरबों का सोना दबा हुआ है.

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ईरान की सरकार अब पूरे देश में खुदाई अभियान तेज करने जा रही है. 2.2 करोड़ टन सोने की यह खोज बताती है कि ईरान के पास प्रतिबंधों से संघर्ष करने और अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए पर्याप्त संसाधन हैं, बस उन संसाधनों की पहचान करने की जरूरत है. ईरान का यह ‘गोल्डन बूस्ट’ दुश्मनों के लिए किसी बुरी खबर से कम नहीं है.

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बता दें कि ईरान इस समय अमेरिका के टारगेट पर है, क्योंकि अमेरिका को ईरान के न्यूक्लियर प्रोग्राम से आपत्ति है. साल 2025 में ईरान के न्यूक्लियर प्रोग्राम को ध्वस्त करने के लिए इजरायल ने ईरान पर हमला किया था. इस हमले के बीच अमेरिकी सेना ने भी ईरान के परमाणु ठिकाने ध्वस्त किए थे, जिस वजह से ईरान का आर्थिक नुकसान हुआ.

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दूसरी ओर, आजकल ईरान में लोग सड़कों पर उतरे हुए हैं और आर्थिक संकट से राहत पाने के लिए अली खामेनेई की सत्ता पलटने का प्रयास कर रहे हैं. पिछले दिनों हुई हिंसा में अब तक करीब 40 लोग मारे जा चुके हैं और अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप धमकी दे चुके है कि अगर ईरान ने निर्दोष लोगों का खून बहाया तो अमेरिका ईरान को सबक सिखाएगा.