IPS Shiladitya Chetia Suicide Inside Story: पहले मां का साथ छूटा, फिर मां जैसी सास भी दुनिया छोड़ गई और अब पत्नी की भी मौत हो गई। कोई बच्चा भी नहीं, जिसके सहारे जिंदगी बिता सकता। अकेले जिंदगी जीने से बेहतर उन्हें मर जाना सही लगा, इसलिए अपनी ही सर्विस गन अपनी ही कनपटी पर तानी और गोली चला दी। फिर तड़प-तड़प कर पुलिस अधिकारी ने दम तोड़ दिया।
सुसाइड करने का खौफनाक कदम उठाने से 10 मिनट पहले ही पुलिस अफसर की पत्नी ने कैंसर से तड़प-तड़प कर दम तोड़ा था। यही जुदाई और अकेले रहने का गम वे बर्दाश्त नहीं कर पाए और पत्नी के साथ खुद भी दुनिया को अलविदा कह दिया। यह दर्दनाक आपबीती है, IPS अधिकारी शिलादित्य चेतिया की, जिन्होंने बीते दिन खुद को गोली मारकर सुसाइड कर ली। आइए जानते हैं उनकी कहानी…
बहादुरी के लिए मिला था राष्ट्रपति पदक
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, असम के गृह और राजनीतिक सचिव शिलादित्य चेतिया UPSC के 2009 बैच के सदस्य थे और बहादुर IPS अधिकारी थे। असम के 2 जिलों के वे SP रह चुके थे। तिनसुकिया के बाद सोनितपुर जिल में उन्होंने पुलिस अधीक्षक रहते हुए कई अपराधी पकड़े। वर्तमान में वे असम के गृह सचिव थे। शिलादित्य असम पुलिस की चौथी बटालियन के कमांडेंट भी रह चुके थे। साल 2015 में राष्ट्रपति पदक मिला था।
इंडिपेंडेंस डे पर उनकी बहादुरी के लिए उन्हें इस अवार्ड से नवाजा गया था, लेकिन पिछले 4 महीने से वे छुट्टी पर चल रहे थे। उन्होंने कैंसर पीड़ित पत्नी की देखभाल के लिए लीव ली थी, लेकिन पत्नी को मौत से जूझते हुए देखकर वे इतने निराश हो गए थे कि पत्नी का साथ छूटना बर्दाश्त नहीं कर पाए और उसके जाते ही मौत को गले लगा लिया।
पत्नी के शव के पास ही खुद को गोली मारी
नेमकेयर अस्पताल के डायरेक्टर हितेश बरुआ के अनुसार, शिलादित्य ने पत्नी के शव के पास ही खुद को गोली मारी। उनकी पत्नी चेतिया 2 महीने से जिंदगी और मौत से जूझ रही थी। 3 दिन पहले अचानक उसकी तबियत काफी खराब हो गई। शिलादित्य को जब यह बताया तो वे काफी चुप हो गए थे। बीते दिन शाम के 4.25 बजे चेतिया ने दम तोड़ दिया। शिलादित्य ने पत्नी के साथ आखिरी पलों में साथ रहने के लिए समय मांगा। इसी दौरान उन्होंने खुद को गोली मार ली। दोनों की शादी 12 मई 2013 को हुई थी। चेतिया के पिता भी पुलिस अफसर थे और चेतिया यूनिवर्सिटी की टॉपर स्टूडेंट थी।