हार्ट अटैक से बचना है तो दूध से बनानी होगी दूरी, डॉक्टर ने बताई कुछ जरूरी बातें
क्या दूध भी बन सकता है हार्ट अटैक की वजह? जानिए इस पर डॉक्टर की राय, IGF फैक्टर और हार्ट हेल्थ से जुड़ी तमाम जरूरी बातें हमारी इस रिपोर्ट में।
Edited By Namrata Mohanty

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समय रहते अगर लोग अपनी कुछ आदतों में बदलाव कर लें तो उन्हें बड़ी बीमारियां नहीं होंगी। हार्ट और उससे संबंधित समस्याओं में इन दिनों तेजी देखी जा रही है। हार्ट अटैक से बचने के लिए हमें अपनी लाइफस्टाइल में बदलाव करने की जरूरत होती है। अनहेल्दी इटिंग के कारण दिल की बीमारियां हो सकती हैं। दूध भी एक ऐसा आइटम है, जो हार्ट अटैक की वजह बन सकता है। जी हां, शायद आपको यह सुनकर हैरानी होगी लेकिन डॉक्टर के मुताबिक दूध सिर्फ एक तय उम्र तक पीना सही होता है। अगर उससे ज्यादा पिया जाए, तो स्वास्थ्य बिगड़ सकता है।
दूध का दिल से संबंध कुछ इस तरह का है कि दूध की मात्रा से कोलेस्ट्रॉल लेवल बढ़ता है। दूध पीने से वजन बढ़ता है। फुल फैट मिल्क से फैट भी इंक्रीज होता है। ये सभी हार्ट अटैक का कारण होते हैं, इसलिए दूध को सिर्फ टीनएज या 18-19 साल तक की आयु तक पीना चाहिए। दूध सैचुरेटेड फैट का सोर्स होता है, जो कार्डियो प्रॉब्लम्स को बढ़ाता है। हालांकि, हार्ट फाउंडेशन के मुताबिक न्यूजीलैंड के लोगों के हृदय को स्वस्थ रखने के लिए दूध को पौष्टिक आहार माना गया है। मगर यह दूध प्लांट-बेस्ड और लो फैट मिल्क होता है। लो फैट मिल्क से ब्लड प्रेशर भी कम होता है और एलडीएल का स्तर भी कम होता है।
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महाराष्ट्र के कार्डियो स्पेशलिस्ट डॉक्टर रोहित साने बताते हैं कि अगर हमारी हड्डियां मजबूत हैं और उनमें किसी प्रकार का कोई दर्द और तकलीफ नहीं हो रहा है, तो दूध पीने की जरूरत नहीं है। अगर हमारी हाइट सही है और बढ़ना रुक चुकी है, तो भी दूध पीना कोई आवश्यक नहीं है। वहीं, अगर बॉडी में पर्याप्त कैल्शियम है, तो भी दूध का सेवन करना जरूरी नहीं है। इसका मतलब यह है कि यदि हमारी बॉडी के अंदर अगर सब कुछ सही है और हम 18-19 साल के बाद भी लगातार दूध पी रहे हैं, तो हमें समझना होगा कि दूध अब हमारे शरीर के लिए सही नहीं है।
डॉक्टर रोहित के मुताबिक, दूध अगर ज्यादा पिया जाए, तो मोटापा बढ़ेगा, कोलेस्ट्रॉल और बीपी की भी समस्या होगी। इसलिए, दूध को भी नियंत्रित करें और अगर जरूरी न हो, तो उसके अन्य प्रोडक्ट का सेवन करें। वजन बढ़ाने वाले लोग दूध पिएं, घटाने वाले परहेज करें।
डॉक्टर के अनुसार, दूध कम आयु या बढ़ती उम्र में पिया जाए, तो आपको फायदे की जगह नुकसान देगा। ग्रोइंग एज में मिल्क हमें हाइट, वेट और मांसपेशियों और बोन्स को मजबूत करने में मदद करता है। मगर जब शरीर को यह सब मिल जाता है और फिर भी हम दूध पीते हैं, तो उससे शरीर का सिर्फ साइज बढ़ता है। दूध पीने से IGF फैक्टर बढ़ता है।
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यह शरीर का ग्रोइंग हार्मोन होता है, जो हड्डियों, मांसपेशियों और सेल्स को ग्रो करने में मदद करता है लेकिन जब यह हार्मोन ही शरीर में ज्यादा बन जाए, तो मधुमेह, बीपी हाई होना और दिल की बीमारियां होने का जोखिम भी बढ़ जाता है।
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Disclaimer: ऊपर दी गई जानकारी पर अमल करने से पहले विशेषज्ञों से राय अवश्य लें। News24 की ओर से जानकारी का दावा नहीं किया जा रहा है।
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