DASH Diet: हेल्दी डाइट और सेहतमंद भोजन खाना किसे नहीं पसंद है? इन दिनों लोग खुद को फिट रखने के लिए तरह-तरह के उपायों को अपनाते हैं। इन दिनों बढ़ते वर्कप्रेशर और तेजी से बदलती लाइफस्टाइल के कारण लोग मोटापे का शिकार भी तेजी से होते जा रहे हैं। ऐसे में बढ़ते वजन को कंट्रोल में रखने के लिए लोग कई तरह की डाइट को भी फॉलो करते हैं। आपने अक्सर डाइट को वेट लॉस या मैनेज करने के लिए फॉलो करने की बात सुनी होगी लेकिन किसी डाइट को फॉलो करने से वेट के साथ-साथ अन्य स्वास्थ्य समस्याओं से राहत दिलाने में कारगर होने की बात नहीं जानते होंगे। मगर ऐसा है, डैश डाइट (DASH Diet) इन्हीं में से एक है, जो आपको गंभीर बीमारियों के जोखिम को घटाने में सहायता प्रदान करती है।
क्या है यह DASH Diet?
डैश डाइट यानी Dietary Approaches to Stop Hypertension एक ऐसा डाइट प्लान है जिससे हाई बीपी को नियंत्रित करने के लिए फॉलो किया जाता है। यह डाइट प्लान हाई ब्लड प्रेशर को कम करने, दिल की सेहत को बेहतर बनाने और ओवर ऑल हेल्थ को सुधारने के लिए फायदेमंद मानी जाती है। अमेरिकन जर्नल ऑफ प्रिवेंटिव मेडिसिन की एक रिसर्च में भी यह पता चला है कि डैश डाइट न केवल हाई बीपी के जोखिम को बल्कि 75 वर्ष से कम उम्र के लोगों में हार्ट फेलियर या अटैक के रिस्क को भी कम करता है।
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किन लोगों के लिए फायदेमंद है DASH Diet
यह डाइट ब्लड प्रेशर के असंतुलन से प्रभावित लोगों के लिए फायदेमंद है। हाईपरटेंशन में इस डाइट को फॉलो करने से काफी सेहत में काफी सुधार होता है।
दिल के रोगों में भी डैश डाइट फॉलो करना फायदेमंद हो सकता है। डैश डाइट के सेवन से कोलेस्ट्रॉल का स्तर संतुलित रहता है। यह डाइट खून में लो डेंसिटी लिपोप्रोटीन (LDL) या बैड कोलेस्ट्रॉल को कम करती है और एचडीएल (HDL) या गुड कोलेस्ट्रॉल को बढ़ाने में मदद करती है।
फोटो क्रेडिट- Freepik
डायबिटीज रोगियों के लिए भी यह डाइट फायदेमंद साबित हो सकती है। DASH Diet में कार्बोहाइड्रेट्स का सेवन अधिक होता है, जो शरीर में धीरे-धीरे शुगर रिलीज करता है और ब्लड शुगर को कंट्रोल में रखता है। यह टाइप-2 डायबिटीज के मरीजों के लिए लाभकारी हो सकती है।
DASH Diet में क्या खाते हैं?
- मक्का, दलिया, साबुत गेहूं की ब्रेड, ब्राउन राइस, साबुत अनाज और उनसे बने प्रोडक्ट्स का सेवन किया जाता है।
- ताजे फलों और सब्जियों का सेवन करने से एंटीऑक्सीडेंट्स मिलते हैं।
- लो फैट डेरी प्रोडक्ट्स जैसे, लो फैट दूध, दही और पनीर खा सकते हैं।
- नट्स एंड सीड्स के सेवन से पोटेशियम कंटेंट बढ़ता है।
- लो सोडियम वाले मसाले चुनें। ऑलिव या एवोकाडो ऑयल में कुकिंग करें।
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Disclaimer: ऊपर दी गई जानकारी पर अमल करने से पहले विशेषज्ञों से राय अवश्य लें। News24 की ओर से जानकारी का दावा नहीं किया जा रहा है।
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