बॉलीवुड एक्ट्रेस रानी मुखर्जी आज 21 मार्च को अपना जन्मदिन सेलिब्रेट कर रही हैं। 90 के दशक की टॉप एक्ट्रेस में शुमार रानी अपनी आवाज और एक्टिंग को लेकर आज भी दर्शकों के दिलों में खास जगह बनाती हैं। कभी ‘मर्दानी’ बनकर तो कभी ‘साथिया’ बनकर एक्ट्रेस जब-जब पर्दे पर आई हैं तो उन्होंने अपनी अलग छाप छोड़ी है। अपने जन्मदिन के खास मौके पर रानी मुखर्जी ने एक दिलचस्प खुलासा किया। उन्होंने बताया कि साल 2006 में रिलीज हुई फिल्म ‘द नेमसेक’ में उन्हें अभिषेक बच्चन की मां का किरदार ऑफर हुआ था। उस वक्त उन्होंने फिल्म को करने से मना कर दिया था। बाद में अभिषेक बच्चन ने भी फिल्म करने से मना कर दिया था।
रानी मुखर्जी को किस बात का अफसोस?
रानी मुखर्जी से जब पूछा गया कि क्या उन्हें मीरा नायर की फिल्म ‘द नेमसेक’ नहीं कर पाने का अफसोस है? इस पर एक्ट्रेस ने कहा, ‘मुझे द नेमसेक करने का अफसोस नहीं है लेकिन मुझे मीरा नायर के साथ काम नहीं कर पाने का अफसोस जरूर है। मुझे झुम्पा लाहिड़ी का उपन्यास और फिल्म दोनों ही बहुत पसंद आई थी। बंगाली होने की वजह से मैं पूरी तरह उस माहौल से जुड़ पाती हूं। मेरी बहुत सी मौसियां अमेरिका में रहती हैं उसी तरह जैसे नायर वहां रहती हैं लेकिन मैं 25 साल के लड़के की मां का किरदार निभाने के लिए तैयार नहीं थी।’
मीरा नायर को बताई थी वजह
एक्ट्रेस ने आगे कहा, ‘द नेमसेक नहीं करने पर मेरी मीरा नायर से बात हुई थी। मैंने उनसे फिल्म मना करने की वजह बताई थी। वह मेरी बात पूरी तरह से समझती हैं।’ रानी ने आगे बताया कि उस वक्त करण जौहर की फिल्म कभी अलविदा न कहना भी उसी वक्त रिलीज हुई थी। मैंने मीरा से फिल्म नहीं कर पाने के लिए माफी मांगी थी लेकिन मैं मीरा से बहुत प्यार करती हूं। मैं जब न्यूयॉर्क में होती हूं तो उनसे मिलने जाती हूं। मुझे यकीन है कि हम साथ में काम करेंगे। द नेमसेक आखिरी फिल्म नहीं है।
रानी की जगह नजर आई थीं तब्बू
बता दें कि फिल्म ‘द नेमसेक’ में तब्बू नजर आई थीं। उनके बारे में बात करते हुए रानी मुखर्जी ने कहा कि वह तब्बू के लिए बहुत खुश हैं। उन्होंने कहा, ‘हर भूमिका की एक नियति होती है और मुझे सच में ऐसा लगता है कि तब्बू इस किरदार के लिए परफेक्ट थीं। वह बेहतरीन थीं।’