Numerology: अपनी इन 3 कमियों के कारण मूलांक 2 वाले नहीं रहते कभी खुश, हर कोई बनाता है दूरी

Mulank 2 Weakness: प्रत्येक व्यक्ति के अंदर कोई न कोई कमी होती है, जो उनके सफल होने की राह में बाधा बनती है और उन्हें अपनों से दूर कर देती है। यदि सही समय पर व्यक्ति अपनी कमियों को दूर करने के लिए प्रयास करता है तो उसके सफल होने की संभावना बढ़ जाती है। आज हम आपको अंक शास्त्र की मदद से मूलांक 2 वालों की कमियों के बारे में बताने जा रहे हैं।

Mulank 2 Weakness

सांकेतिक फोटो, Credit- News24 Graphics

विज्ञापन

Mulank 2 Weakness: अंकों की एक रहस्यमयी दुनिया है। हालांकि अंक शास्त्र में हर एक अंक के महत्व के बारे में विस्तार से बताया गया है। अंक शास्त्र की मदद से प्रत्येक अंक की खासियत और कमियों के बारे में पता चलता है। यहां तक कि भविष्य में होने वाली घटनाओं के बारे में भी पता चल सकता है। हर एक अंक का कोई न कोई स्वामी ग्रह भी होता है, जिसका गहरा प्रभाव व्यक्ति के जीवन पर पड़ता है।

अंक शास्त्र में जन्म तिथि को ही मूलांक कहा जाता है। जिन लोगों का जन्म किसी भी महीने की 2, 11, 20 या 29 तारीख को हुआ है, उनका मूलांक 2 है। आज हम आपको मूलांक 2 वालों की कमियों और स्वामी ग्रह के बारे में बताने जा रहे हैं।

Advertisment

मूलांक 2 वालों की कमियां

  • शर्मिले- मूलांक 2 वाले बहुत ज्यादा शर्मिले होते हैं। ये लोग जल्दी से किसी से बात नहीं करते हैं और अकेला रहना ज्यादा पसंद करते हैं। ये लोग अपने मन में हर बात दबा के रखते हैं और कभी किसी से कोई शिकायत नहीं करते।
  • काम का क्रेडिट नहीं लेते- मूलांक 2 वाले हमेशा चुप रहते हैं और कभी अपने काम का क्रेडिट नहीं लेते। इनकी इसी कमजोरी का फायदा इनके दोस्त आसानी से उठाते हैं। आमतौर पर इन लोगों की सोच होती है कि कर्म करते जाओ और फल की चिंता न करो।
  • शकी स्वभाव- मूलांक 2 वालों का शकी स्वभाव होता है। इनके इसी स्वभाव के कारण इनकी मैरिड लाइफ में बहुत परेशानियां उत्पन्न होती हैं। ये अपने साथी पर पूर्णता विश्वास नहीं करते हैं और बात-बात पर शक करते हैं। इनकी इसी आदत के कारण लोग इनसे दूर रहते हैं।

ये भी पढ़ें- Numerology: मूलांक 1 की चार तारीखों पर जन्मे लोगों में भी होता है अंतर, पड़ता है सूर्य के अलावा चंद्र-मंगल और शनि का प्रभाव

मूलांक 2 का स्वामी कौन है?

चंद्र ग्रह को मूलांक 2 का स्वामी माना जाता है, जो मन, मनोबल, विचार, सुख, माता से रिश्ता और स्वभाव के कारक हैं। जब भी चंद्र ग्रह की चाल बदलती है तो उसका सबसे पहले शुभ व अशुभ प्रभाव मूलांक 2 वालों के ऊपर पड़ता है। जन्म कुंडली में चंद्र ग्रह के कमजोर होने के कारण व्यक्ति का मन भटकता है और वो परेशान रहता है। उनका स्वभाव चिड़चिड़ा हो जाता है और आए-दिन लोगों से झगड़े होते हैं।

चंद्र ग्रह को मजबूत करने के उपाय

  • भगवान शिव और माता पार्वती की नियमित रूप से पूजा करें।
  • चंद्र देव को समर्पित मंत्रों का जाप करें।
  • सफेद चीजों का दान करें।
  • चांदी के आभूषण धारण करें।

ये भी पढ़ें- Numerology: मूलांक 7 वालों की ये 3 कमियां नहीं होने देती उन्हें सफल, हर बार बिगड़ जाता है काम

विज्ञापन

डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी अंक शास्त्र पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ