Chandra Ketu Yuti: चंद्र ग्रहण एक विशेष खगोलीय घटना है, जिसका ज्योतिष शास्त्र में बहुत अधिक महत्व है। इसकी वजह है चंद्रमा का इस घटना में शामिल होना, जो मनुष्य के मन, मस्तिष्क और विचार को नियंत्रित करते हैं। ग्रहण लगने से चंद्रमा दूषित और पीड़ित हो जाते हैं, जिसके कारण मन, मस्तिष्क और विचार पर नेगेटिव प्रभाव बढ़ जाता है। जाहिर है कि इसका असर मनुष्य एक हर काम पर पड़ता है।
ज्योतिष गणना के अनुसार, शुक्रवार 14 मार्च, 2025 को दोपहर में 12 बजकर 56 मिनट पर चंद्रमा कन्या राशि में प्रवेश करेंगे। उनकी युति यहां पहले से विराजमान छाया ग्रह केतु से होगी। ज्योतिष शास्त्र में चंद्रमा और केतु के मिलन को अच्छा नहीं माना गया है। ज्योतिष शास्त्र में इन दोनों के ग्रहों की युति को ग्रहण योग नाम दिया गया है। बता दें कि राहु और केतु ही वे दो ग्रह हैं, जो ग्रहण के लिए जिम्मेदार होते हैं।
चंद्र-केतु युति का राशियों पर असर
ग्रहण योग एक ज्योतिषीय संयोजन है जो कुंडली में विशिष्ट ग्रहों की स्थिति के कारण बनता है, जैसा कि 14 मार्च को कन्या राशि में चंद्र गोचर के बाद केतु से युति होने के कारण बन रहा है। यह योग जीवन के विभिन्न पहलुओं पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकता है, जैसे कि शत्रु, रोग, आर्थिक समस्याएं और कानूनी मुकदमे। चंद्र-केतु युति के नेगेटिव असर से 3 राशियों को कई चुनौतियों और मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता है। आइए जानते हैं, ये 2 राशियां कौन-सी हैं?
मिथुन राशि
मिथुन राशि के जातकों के जीवन में व्यय और नुकसान से परेशानियां बढ़ेंगी। आर्थिक नुकसान की संभावना है। मानसिक तनाव और चिंता बढ़ सकती है। स्वास्थ्य समस्याएं, विशेष रूप से सिरदर्द और अनिद्रा की शिकायत हो सकती है। कार्यक्षेत्र में असहयोग और विवाद की स्थिति बन सकती है। कार्यक्षेत्र में अनावश्यक विलंब और असफलताएं आ सकती हैं। आप अकेलेपन का शिकार हो सकते हैं।
धनु राशि
धनु राशि के जातकों के लिए इस ग्रह योग से शत्रु, रोग और कर्ज में बढ़ोतरी होने के दुर्योग बन सकते हैं। स्वास्थ्य समस्याएं, विशेष रूप से पेट और लीवर से जुड़ी, उत्पन्न हो सकती हैं। आर्थिक स्थिति में अस्थिरता आ सकती है। शत्रुओं की संख्या में वृद्धि हो सकती है और वे आप पर हावी हो सकते हैं। कानूनी मामलों में उलझने की आशंका है। पाचन तंत्र, त्वचा और नर्वस सिस्टम से जुड़ी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं।
मीन राशि
कन्या राशि ग्रहण योग बनने से मीन राशि के जातकों के संबंधों और साझेदारी से जुड़े काम पर नेगेटिव असर होने की आशंका है। वैवाहिक और प्रेम संबंधों में तनाव बढ़ सकता है। व्यापारिक साझेदारी में मतभेद और विवाद हो सकते हैं। आर्थिक नुकसान की संभावना है। मानसिक अशांति और भ्रम की स्थिति बन सकती है। इससे आपको निर्णय लेने में कठिनाई हो सकती है।
अन्य राशियों पर प्रभाव
कर्क, वृश्चिक और मकर राशि पर चंद्र-केतु युति के बने ग्रहण योग का मध्यम प्रभाव पड़ेगा। इन्हें स्वास्थ्य और वित्तीय मामलों में सतर्क रहने की आवश्यकता है। वहीं, मेष, सिंह और कुंभ राशि पर इस युति का कम प्रभाव पड़ेगा, लेकिन फिर भी मानसिक स्थिरता बनाए रखने के लिए सावधानी बरतनी चाहिए।
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।