Aaj Ka Panchang 17 December 2025: सनातन धर्म के लोगों के लिए साल में आने वाले प्रत्येक प्रदोष व्रत का खास महत्व है. आज 17 दिसंबर 2025, वार बुधवार को साल का आखिरी प्रदोष व्रत है, जो कि बुध प्रदोष व्रत है. बुध प्रदोष व्रत के दिन शिव जी और देवी पार्वती की पूजा करना शुभ होता है. माना जाता है कि जो लोग सच्चे मन से प्रदोष व्रत रखते हैं और देवी-देवताओं की पूजा करते हैं, उनकी सभी इच्छाएं पूर्ण होती हैं. आइए अब जानते हैं 17 दिसंबर 2025, गणेश जी को समर्पित बुधवार के पंचांग के बारे में.
तिथि
बुधवार को सुबह 02:32 मिनट तक पौष माह के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि रहेगी, जिसके बाद चतुर्दशी तिथि का आरंभ होगा. चतुर्दशी तिथि अगले दिन की सुबह तक रहने वाली है.
नक्षत्र
आज शाम 05:11 मिनट तक विशाखा नक्षत्र रहेगा. विशाखा नक्षत्र के बाद अनुराधा नक्षत्र का आरंभ होगा, जो अगले दिन की सुबह तक रहने वाला है.
शुभ-अशुभ योग
बुधवार को प्रातः काल से लेकर दोपहर 02:16 मिनट तक सुकर्मा योग रहेगा. सुकर्मा योग के बाद धृति योग का आरंभ होगा, जो अगले दिन की सुबह तक रहने वाला है. हालांकि, इस बीच शाम 05:11 मिनट पर अमृत सिद्धि योग, विडाल योग और सर्वार्थ सिद्धि योग का आरंभ होगा, जो 18 दिसंबर की सुबह तक रहने वाला है.
करण
करण की बात करें तो प्रातः काल से लेकर दोपहर 01:16 मिनट तक गर रहेगा. गर करण के बाद वणिज करण का आरंभ होगा, जो अगले दिन की सुबह तक रहने वाला है.
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.