Aaj Ka Panchang 10 January 2026: सनातन धर्म के लोगों के लिए कालाष्टमी और कृष्ण जन्माष्टमी का खास महत्व है, जिसका मासिक व्रत आज 10 जनवरी 2026 को रखा जा रहा है. कालाष्टमी का व्रत जहां भगवान काल भैरव को समर्पित है, वहीं कृष्ण जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल की पूजा की जाती है. धार्मिक मान्यता के अनुसार, इन दोनों देवताओं की कृपा से हर व्यक्ति मुश्किल से मुश्किल संकट से बाहर आ सकता है. चलिए अब जानते हैं 10 जनवरी 2026 के पंचांग के बारे में.
तिथि
10 जनवरी 2026 के दिन की शुरुआत माघ माह के कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि से हो रही है, जिसका समापन सुबह 08:24 मिनट के आसपास होगा. सप्तमी तिथि के बाद अष्टमी तिथि का आरंभ होगा, जिसका समापन दिन के अंत के साथ ही होगा.
संवत और चंद्रमास
नक्षत्र
नक्षत्र की बात करें तो प्रात: काल में हस्त रहेगा, जिसका समापन 03:39 मिनट के आसपास होगा. हस्त नक्षत्र के बाद चित्रा नक्षत्र का आरंभ होगा, जिसका समापन दिन के अंत के साथ ही होने वाला है.
10 जनवरी 2026 का शुभ समय
10 जनवरी 2026 का अशुभ समय
योग
9 जनवरी 2026 को प्रात: काल में अतिगण्ड योग रहेगा, जिसका समापन दोपहर में 5 बजे के आसपास होगा. अतिगण्ड योग के बाद सुकर्मा योग का आरंभ होगा, जो दिन के अंत तक रहने वाला है. हालांकि, इस बीच दोपहर में 3 से 4 बजे के बीच आडल योग का आरंभ होगा, जिसका समापन अगले दिन की सुबह 7 बजे के आसपास होने वाला है.
नवग्रहों की स्थिति
- राहु ग्रह: कुंभ राशि में 10 जनवरी 2026, वार शनिवार को रहने वाले हैं.
- शनि ग्रह: मीन राशि में 10 जनवरी 2026, वार शनिवार को रहने वाले हैं.
- केतु ग्रह: सिंह राशि में 10 जनवरी 2026, वार शनिवार को रहने वाले हैं.
- चंद्र ग्रह: कन्या राशि में 10 जनवरी 2026, वार शनिवार को रहने वाले हैं.
- देवगुरु बृहस्पति (गुरु) ग्रह: मिथुन राशि में 10 जनवरी 2026, वार शनिवार को रहने वाले हैं.
- सूर्य ग्रह, मंगल ग्रह, बुध ग्रह और शुक्र ग्रह: धनु राशि में 10 जनवरी 2026, वार शनिवार को रहने वाले हैं.
करण
करण की बात करें तो प्रात: काल से लेकर सुबह 08:24 मिनट तक बव रहेगा. बव करण के बाद बालव करण का आरंभ होगा, जिसका समापन रात में 09 बजे के आसपास होगा. वहीं, दिन के अंत में कौलव करण रहने वाला है.
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.