Aaj ka Panchang 1 September 2025: हर साल भाद्रपद माह में ज्येष्ठ गौरी पूजा का व्रत रखा जाता है, जिस दिन देवी गौरी की पूजा की जाती है। मान्यता है कि जो लोग सच्चे मन से ज्येष्ठ गौरी पूजा का व्रत रखते हैं, उन्हें जीवन का हर सुख मिलता है। साथ ही प्रत्येक काम में भाग्य का साथ मिलता है। द्रिक पंचांग के अनुसार, आज सुबह 02:43 मिनट से भाद्रपद माह की शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि का आरंभ हो गया है, जिससे पहले नवमी तिथि थी। इसके अलावा दिनभर पूर्व दिशा शूल रहेगी। आइए अब जानते हैं ज्येष्ठ गौरी पूजा के पावन दिन के पंचांग के बारे में।
नक्षत्र, करण और योग
आज शाम 07:55 मिनट से लेकर देर रात तक मूल नक्षत्र रहेगा, जिससे पहले यानी इस समय ज्येष्ठा नक्षत्र चल रहा है। इसके अलावा आज दोपहर 01:54 मिनट से लेकर देर रात तक कौलव करण रहेगा, जिससे पहले बालव करण रहने वाला है। योग की बात करें तो इस समय विष्कुम्भ चल रहा है, जो दोपहर में 4 बजकर 31 मिनट पर समाप्त हो जाएगा। विष्कुम्भ योग के समाप्त होते ही प्रीति योग का आरंभ हो जाएगा, जो देर रात तक रहने वाला है।
चंद्रमास और सम्वत
नवग्रहों की स्थिति
- गुरु देव आज ज्येष्ठ गौरी पूजा के दिन मिथुन राशि में रहेंगे।
- शनि देव आज मीन राशि में दिनभर संचार करेंगे।
- सूर्य देव आज सिंह राशि में दिनभर संचार करेंगे, जहां उनके साथ केतु ग्रह और बुध देव रहेंगे।
- चंद्र देव आज वृश्चिक और धनु राशि में संचार करने वाले हैं।
- मंगल देव आज जहां कन्या राशि में रहेंगे, वहीं शुक्र देव कर्क राशि में रहेंगे।
- शनि की राशि कुंभ में आज ज्येष्ठ गौरी पूजा के दिन राहु रहेंगे।
ये भी पढ़ें- Budh Gochar: छप्परफाड़ कमाई करने के लिए रेडी रहें ये 3 राशियां, 397 दिन बाद बुध ने फिर किया सिंह में गोचर
आज का शुभ मुहूर्त
आज का अशुभ मुहूर्त
सूर्योदय, सूर्यास्त, चंद्रोदय और चंद्रास्त
भगवान शिव को समर्पित आज सोमवार के दिन प्रात: काल 5 बजकर 59 मिनट पर सूर्योदय हो गया है, जिसके बाद शाम में 6 बजकर 43 मिनट के आसपास सूर्यास्त होगा। हालांकि, इस बीच दोपहर में 2 बजकर 7 मिनट पर चंद्रोदय होगा। वहीं, अगले दिन यानी 2 सितंबर 2025 को प्रात: काल 12 बजकर 11 मिनट के आसपास चंद्रास्त होगा।
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।