Sanatan Dharma Row: तमिलनाडु के मंत्री उदयनिधि स्टालिन के सनातन धर्म को डेंगू और मलेरिया बताने पर देश भर में हंगामा जारी है। यूपी में एडवोकेट हर्ष गुप्ता और राम सिंह लोधी की शिकायत पर सनातन धर्म के खिलाफ अभद्र भाषण और टिप्पणी करने पर उदयनिधि स्टालिन के साथ कर्नाटक के मंत्री प्रियांक खरगे के विरुद्ध भी मामला दर्ज कराया गया है।
इस बीच अमेरिका के लुइसविले (केंटकी) में महापौर ने प्रत्येक वर्ष 3 सितंबर को धनातन धर्म घोषित किया है। इसका अर्थ यह है कि प्रत्येक वर्ष को 3 सितंबर को देश-दुनिया में सनातन धर्म दिवस मनाया जाएगा।
अमेरिका के लुइसविले में आयोजित हिंदू मंदिर में महाकुंभ अभिषेकम उत्सव के दौरान महापौर क्रेग ग्रीनबर्ग की अनुमति से उपमहापौर बारबरा सेक्स्टन स्मिथ ऐलान किया है कि अब 3 सितंबर को सनातन धर्म दिवस के तौर पर मनाया जाएगा। इसे आधिकारिक करने पर उन्होंने खुशी भी जताई है।
जब इसका ऐलान किया गया तो उस दौरान महाकुंभ अभिषेकम उत्सव के दौरान परमार्थ निकेतन ऋषिकेश के अध्यक्ष परमपूज्य श्रीश्री रविशंकर और साध्वी भगवती सरस्वती भी मौजूद थीं। इन के अलावा, परमार्थ निकेतन ऋषिकेश के अध्यक्ष स्वामी चिदानंद सरस्वती, उपराज्यपाल जैकलीन कोलमैन, उप प्रमुख स्टाफ कीशा डोरसी समेत अन्य गणमान्य लोग भी मौजूद थे।
गौरतलब है कि 2 सितंबर को तमिलनाडु में एक आयोजन के दौरान उधयनिधि स्टालिन ने एक बयान में कहा था कि सनातन धर्म मलेरिया और डेंगू की तरह है। कुछ चीजें हैं, जिन्हें हमें खत्म करना है और हम सिर्फ विरोध नहीं कर सकते। उन्होंने अपने बयान में यहां तक कहा दिया कि मच्छर, डेंगू, कोरोना और मलेरिया ऐसी चीजें हैं, जिनका हम विरोध नहीं कर सकते हैं। हमें उन्हें खत्म करना है। सनातन धर्म भी ऐसा ही है। सिर्फ सनातन धर्म का विरोध नहीं करना है, बल्कि उन्मूलन करना हमारा पहला काम है।