संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के हॉल में गुरुवार को उस वक्त भारी ड्रामा देखने को मिला जब इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के भाषण के लिए पोडियम पर पहुंचे. जैसे ही नेतन्याहू वहां पहुंचते हैं दर्जनों देशों के प्रतिनिधियों ने सामूहिक रूप से वॉकआउट कर दिया. रिपोर्ट्स के मुताबिक, इन प्रतिनिधियों ने गाजा में इजरायल की सैन्य कार्रवाइयों के विरोध में वॉकआउट किया. हालांकि, सदन में मौजूद उनके समर्थकों ने खड़े होकर तालियां बजाईं और ‘इजरायल जिंदाबाद’ के नारे भी लगाए.
हॉल खाली होते देख नेतन्याहू ने तुरंत तंज कसते हुए कहा, ‘अगर इस हॉल में कोई और नैतिक कायर बचा है जो अभी तक बाहर नहीं गया है, तो कृपया वह भी अभी बाहर चला जाए.’
‘ईरान पर हमला, आसान फैसला’
नेतन्याहू ने वॉकआउट करने वाले देशों पर तीखा हमला बोलते हुए उनके दोहरे चरित्र का दावा किया. उन्होंने कहा, ‘इजरायल वास्तव में उन कई देशों की भी रक्षा कर रहा है जिनके प्रतिनिधि अभी-अभी इस हॉल से बाहर गए हैं. सच यह है कि उनके कई नेताओं ने ईरान के परमाणु ठिकानों को तबाह करने के लिए निजी तौर पर हमें धन्यवाद दिया है, इससे बड़ा पाखंड सोचना भी मुश्किल है.’
ईरान पर किए गए हमलों का बचाव करते हुए नेतन्याहू ने कहा, ‘ईरान के परमाणु ठिकानों को तबाह करना बेहद कठिन था. लेकिन प्रधानमंत्री के रूप में यह मेरे लिए सबसे आसान फैसलों में से एक था, क्योंकि अगर हम ऐसा नहीं करते, तो आज हम सब जिंदा नहीं होते.’
वहीं, पश्चिमी देशों को आड़े हाथों लेते हुए नेतन्याहू ने कहा, ‘ब्रिटेन और फ्रांस हम पर उपनिवेशवाद का आरोप लगाते हैं! भगवान के लिए, इस शब्द को तो तुम लोगों ने ही ईजाद किया था. हमें बख्श दो.’
पोडियम पर पेजर लहराया
भाषण के दौरान नेतन्याहू ने लेबनान में ईरान समर्थित हिजबुल्लाह के खिलाफ चलाए गए ऑपरेशन का जिक्र करते हुए अपनी जेब से एक पेजर निकाला और उसे सबके सामने लहरा दिया.
नेतन्याहू ने कहा, ‘हमने हिजबुल्लाह को पूरी तरह कुचल दिया. आपको वो बीपर्स याद हैं? इन चीजों को याद रखिए. हिजबुल्लाह इन्हें यकीनन याद रखता है.’ उन्होंने दावा किया कि हिजबुल्लाह का शीर्ष नेतृत्व खत्म हो चुका है और उसके 1.5 लाख मिसाइलों व रॉकेट्स का जखीरा नेस्तनाबूद कर दिया गया है.
खाली कुर्सियों पर सुलेमानी की तस्वीर
ईरानी राजनयिक पूरे भाषण के दौरान सदन से नदारद रहे, लेकिन विरोध दर्ज कराने के लिए उन्होंने अपनी खाली सीटों पर रिवोल्यूशनरी गार्ड्स के पूर्व कमांडर कासिम सुलेमानी की तस्वीर रख दी. सुलेमानी जनवरी 2020 में अमेरिकी ड्रोन हमले में मारे गए थे.
ट्रंप की तारीफ की
नेतन्याहू ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की जमकर तारीफ की और कहा कि उन्होंने ईरान के खतरे को समझा और सभ्यता को बचाने के लिए कड़े कदम उठाए.
भाषण के आखिर में उन्होंने कतर और तुर्की पर इजरायल के खिलाफ दुष्प्रचार करने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि कतर ने दशकों से अमेरिकी विश्वविद्यालयों और अल जजीरा जैसे मीडिया आउटलेट्स को फंड देकर युवाओं में नफरत फैलाई. वहीं, तुर्किए के राष्ट्रपति रेसेप तैयप एर्दोगन पर हमला बोलते हुए नेतन्याहू ने उन्हें यहूदी-विरोधी झूठ फैलाने वाला बताया.