इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की ओर से भारत के साथ ‘हेक्सागन ऑफ एलायंस’ बनाने के प्रस्ताव को लेकर पाकिस्तान बौखला गया है. पाकिस्तान ने इसे 'मुस्लिम विरोधी' बताया है. पाकिस्तानी सीनेट ने सर्वसम्मति से एक प्रस्ताव पारित किया है. इसमें इस्लामी देशों के 'कट्टरपंथी शिया गुट' के खिलाफ नेतन्याहू के भारत और दूसरे देशों के साथ गठबंधन के प्रस्ताव की निंदा की गई है.

इजरायल के खिलाफ सभी राजनीतिक दलों की ओर से यह प्रस्ताव पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी की सांसद पलवाशा मोहम्मद जई खान ने पेश किया था. प्रस्ताव में यह भी कहा गया है कि 'सीनेट उन बयानों पर कड़ी आपत्ति जताती है जो क्षेत्रीय स्थिरता और अंतरराष्ट्रीय कानूनी मानदंडों को कमजोर करते हैं.'

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बता दें, पाकिस्तान सीनेट यह प्रस्ताव तब लेकर आई है, जब पीएम मोदी इजरायल के दौरे पर हैं.

प्रस्ताव में नेतन्याहू के ‘हेक्सागन ऑफ एलायंस’ को दुनियभर में मुस्लिम एकता को तोड़ने की कोशिश बताया गया है.

बता दें, पीएम मोदी की इजरायल यात्रा से पहले बुधवार को नेतन्याहू ने ऐलान किया था कि मध्य पूर्व के आसपास या उसके भीतर ‘हेक्सागन ऑफ एलायंस’ बनाया जाएगा. नेतन्याहू ने कहा था कि इस गठबंधन में भारत, ग्रीस, साइप्रस, अरब के कुछ देश, अफ्रीका के कुछ देश और एशियाई देश शामिल होंगे. हालांकि, उन्होंने अरब और अफ्रीका के देशों का नाम नहीं बताया.

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इजरायल यह गठबंधन ईरान के नेतृत्व वाले ‘कट्टरपंथी शिया ग्रुप’ और एक ‘उभरते कट्टरपंथी सुन्नी ग्रुप’ का मुकाबला करने के लिए बनाना चाहता है.

गौर करने वाली बात यह है कि नेतन्याहू ने गठबंधन में भारत की भूमिका को पर्सनल रूप से तैयार किया. उनका मानना है कि मिडिल ईस्ट क्षेत्र को लेकर इस गठबंधन में भारत एक अहम भूमिका निभा सकता है.