नेतन्याहू का ईरान-लेबनान को झटका, बोले- हिजबुल्लाह पर हमले जारी हैं, तेहरान के खिलाफ भी अभियान खत्म नहीं हुआ
Author: Khushbu Goyal
Apr 12, 2026 07:54 AM IST
पाकिस्तान के इस्लामाबाद में अमेरिका-ईरान की शांति वार्ता के बीच इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू का बड़ा बयान आया है। एक तरफ शांति समझौता कराने के प्रयास जारी हैं, दूसरी ओर नेतन्याहू ने ईरान और लेबनान को साफ कह दिया है कि हमले जारी रहेंगे। उन्होंने दोटूक शब्दों में स्पष्ट कर दिया है कि लेबनान में हिजबुल्लाह पर हमले जारी हैं और ईरान के खिलाफ भी अभियान अभी तक खत्म नहीं हुआ है। यह न समझें कि युद्ध खत्म, लक्ष्य पूरे होने तक हमले जारी रहेंगे।
इजरायल का टारगेट बचे होने का दावा
इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू का दावा है कि ईरान के यूरेनियम संवर्धन केंद्र तबाह हो चुके हैं, लेकिन अभी ईरान में कई टारगेट बाकी हैं। ईरान के परमाणु ठिकाने अभी पूरी तरह नष्ट नहीं हुए हैं। वहीं ईरान के समर्थक हिजबुल्लाह का खात्मा करना जरूरी है। नहीं तो जैसे फिलिस्तीन और गाजा हमास के कब्जे में थे, उसी तरह बेरूत और लेबनान भी हिजबुल्लाह के कब्जे में होंगे। इसलिए गाजा की तरह बेरूत को भी आजाद कराएंगे। हमास की तरह हिजबुल्लाह का भी खात्मा करेंगे।
नेतन्याहू की समझौता करने की भी इच्छा
नेतन्याहू कहा कि ईरान के साथ जंग में अभी कई कदम उठाए जाने हैं। कई टारगेट पूरे किए जाने हैं, लेकिन लेबनान के साथ एक शांति समझौते की उम्मीद भी है। अगर लेबनान चाहे तो वह हिजबुल्लाह को लेकर इजरायल के साथ समझौता कर सकता है, लेकिन अगर समझौता नहीं हुआ तो इजरायल के हमले जारी रहेंगे। ईरान परमाणु हथियार हासिल न करे, हम सिर्फ इतना चाहते हैं। ऐसा करने के लिए अगर ईरान पर हमले करने जरूरी हैं तो हमले किए जाएंगे, किए थे और आगे भी करते रहेंगे।
साउथ लेबनान में रिहायशी इलाकों में हमले
लेबनान के सरकारी मीडिया ने दक्षिणी लेबनान में इजरायल के द्वारा हमले करके नुकसान पहुंचाने की पुष्टि की है। दावा है कि इजरायल की सेना ने अल-मजादेल और तेबनीन में ड्रोन हमले किए हैं। सेना की गाड़ियों और रिहायशी इलाकों को निशाना बनाया है। लेबनान से लाखों लोग पलायन कर चुके हैं। 2 मार्च से अब तक हुए हमलों में 2020 लेबनानी नागरिकों की मौत हो चुकी है। इजरायल बेशक हिजबुल्लाह को निशाना बनाकर हमले कर रहा है, लेकिन नुकसान जनता को उठाना पड़ रहा है।
इजरायल से बाचतीत के विरोध में भड़के लोग
बता दें कि इजरायल के साथ शांति के लिए बातचीत किए जाने से लोगों में नाराजगी है। वे सरकार के विरोध में आक्रोश के साथ बेरूत की सड़कों पर उतर आए हैं। जनता का भारी सैलाब सड़कों पर उमड़ पड़ा है। जन आक्रोश और देश में लगातार खराब होती आंतरिक स्थिति को देखते हुए सुरक्षा का हवाला देकर प्रधानमंत्री नवाफ सलाम ने अपनी अगले हफ्ते होने वाली अमेरिका यात्रा भी रद्द कर दी है। क्योंकि संकट के समय में देश की एकता और सुरक्षा बनाए रखना उनका प्राथमिक कर्तव्य है।