नेपाल की अंतरिम प्रधानमंत्री के तौर पर पूर्व न्यायाधीश सुशीला कार्की का शपथ ग्रहण हो सकता है. सूत्रों से मिली खबर के मुताबिक, उनके नाम पर सहमति बन गई है और आज रात ही शपथ ग्रहण भी होने वाला है. राष्ट्रपति भवन में बैठक के दौरान सुशीला के नाम पर सहमति बनी है. बताया जा रहा है कि अब वह शपथ लेकर ही राष्ट्रपति भवन से बाहर निकलेंगी.
इसके साथ ही संसद को भी भंग करने पर सहमति बन गई है. बताया जा रहा था कि नेपाल के राष्ट्रपति ने संसद को भंग करने से इनकार कर दिया था. राष्ट्रपति रामचन्द्र पौडेल, प्रधानमंत्री सुशीला कार्की और प्रधान सेनापति अशोकराज सिग्देल के बीच हुई निर्णायक बातचीत के बाद संसद भंग करने पर सहमति बन गई है. इसके साथ ही अब सुशीला कार्की के नेतृत्व में नई सरकार का गठन होगा.
कौन हैं सुशीला कार्की?
सुशीला कार्की नेपाल की पहली महिला मुख्य न्यायाधीश रह चुकी हैं. वह 11 जुलाई 2016 को नेपाल की मुख्य न्यायाधीश बनीं थी. हालांकि 30 अप्रैल 2017 को उनके खिलाफ संसद में महाभियोग प्रस्ताव लाया गया था. माओवादी केंद्र और नेपाली कांग्रेस ने मुख्य न्यायाधीश कार्की के खिलाफ संसद में महाभियोग प्रस्ताव पेश किया था. तब जनता ने उनका काफी समर्थन किया था. जनता के दबाव के चलते महाभियोग प्रस्ताव वापस ले लिया गया था.
सूत्रों की मानें तो आज रात से ही नेपाल में आपातकाल लगाया जाएगा. सुशीला कार्की प्रधानमंत्री पद की शपथ लेंगी, कैबिनेट का गठन होगा और फिर नेपाल में इमरजेंसी लगा दी जाएगी. इसके मद्देनजर पूरे नेपाल में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है. नेपाल की सेना ने पूरे देश में पेट्रोलिंग बढ़ा दी है और स्थितियों पर बारीकी से नजर रख रही है.