मक्का के पास ईरान की तरफ से किए गए ड्रोन अटैक की भारत के विदेश मंत्रालय ने कड़ी निंदा की है. MEA ने कहा- ''ड्रोन हमले को लेकर हमें गहरी चिंता है. भारत, सऊदी अरब साम्राज्य के संप्रभु क्षेत्र पर हमलों, नागरिकों की जान और बुनियादी ढांचे को खतरे में डालने वाली गतिविधियों की निंदा दोहराता है. मक्का के पास हुई ये घटना खासतौर से चिंताजनक है, क्योंकि दुनिया भर के मुसलमानों के लिए इस शहर का खास महत्व है. हम उम्मीद करते हैं कि इस क्षेत्र में जल्द ही शांति और स्थिरता बहाल होगी.''

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क्या बोले MEA प्रवक्ता?

MEA प्रवक्ता रणधीर जयसवाल ने कहा- ''हम मलेशियाई पक्ष के साथ अलग-अलग स्तरों पर इस मुद्दे को उठाते रहे हैं.'' जब सऊदी शहरों पर हूती हमले के बारे में पूछा गया, तो जायसवाल ने कहा, "हमारे विदेश मंत्री ने ब्रिक्स समिट के दौरान सऊदी विदेश मंत्री से मुलाकात की थी. उन्होंने कई मुद्दों, क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों पर चर्चा की, और हूती का मुद्दा भी उठाया गया. जैसा कि आप जानते हैं, हाल ही में सऊदी अरब पर हमला हुआ था, जिसकी हमने निंदा की है. हम रेड सी इलाके में बिगड़ते हालात को लेकर बहुत चिंतित हैं. हमने सऊदी अरब के इलाके पर हुए हमले की निंदा की है, जिसमें आम लोगों के लिए बने बुनियादी ढांचे और आर्थिक संपत्तियों पर हुए हमले भी शामिल हैं. ऐसे हमले इलाके में स्थिरता को कमजोर करते हैं और बाब-अल-मंडेब जलडमरूमध्य से जहाजों की आवाजाही की आजादी के लिए खतरा पैदा करते हैं. ये चीजें जाहिर तौर पर हमें मंजूर नहीं हैं."

सऊदी अरब का आरोप

सऊदी अरब ने ईरान समर्थित यमन के हूती विद्रोहियों पर इस्लाम के सबसे पवित्र शहर पर हमला करने की कोशिश का आरोप लगाया, इस पर क्षेत्र के देशों ने निंदा तो की लेकिन किसी ने भी सैन्य मदद का संकेत नहीं दिया. अमेरिका का अहम सहयोगी सऊदी अरब ईरान के साथ चल रहे संघर्ष के नए मोर्चे में और गहराई से उलझता जा रहा है और उसने मक्का को 'लक्ष्मण रेखा' करार दिया है. दुनिया के सबसे बड़े तेल निर्यातक सऊदी अरब पर उसके क्षेत्रीय दुश्मन तेहरान के समर्थक विद्रोहियों द्वारा हमले हो रहे हैं. ऐसे में, इस देश को अपने कच्चे तेल के लिए एक सुरक्षित रास्ते और साथ ही सैन्य मदद की जरूरत है. हूतियों ने यमन की सीमा से लगभग 1,100 किलोमीटर दूर मक्का की ओर ड्रोन दागने से इनकार किया. सऊदी अधिकारियों ने कहा कि उन्होंने पैगंबर मुहम्मद के जन्मस्थान के ऊपर हवाई क्षेत्र में एंट्री करने से पहले ही ड्रोन को नष्ट कर दिया.

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