US-Israel Iran War: मिडिल ईस्ट में छिड़ी जंग अभी जारी रहेगी, क्योंकि अमेरिका और ईरान ने सीजफायर पर बातचीत करने से साफ इनकार कर दिया है। राष्ट्रपति ट्रंप ने मध्य पूर्वी देशों का मध्यस्थता का प्रस्ताव ठुकरा दिया है। उनका कहना है कि ईरान जब तक सरेंडर नहीं करेगा, तब तक हमले जारी रहेंगे। वहीं ईरान भी साफ कह चुका है कि जब तक हमले बंद नहीं होंगे, तब तक युद्ध खत्म नहीं होगा। ऐसे में ओमान और मिस्त्र की बातचीत कोशिशें नाकाम हो चुकी हैं।
हमले रुकने तक ईरान भी पीछे नहीं हटेगा
ईरान की ओर से साफ किया गया है कि ओमान और मिस्र समेत कई देश जंग खत्म कराने का प्रयास कर रहे हैं। इसके लिए वे दोनों पक्षों की बातचीत कराने की कोशिशें कर चुके हैं। लेकिन जब तक अमेरिका और इजरायल के हमले नहीं रुकेंगे और जब तक ईरान की शर्तें नहीं मानी जाएंगी, तब तक हमले नहीं रुकेंगे। न ही युद्धविराम पर बात करेंगे और न ही युद्धविराम करेंगे। ऐसे में युद्ध लंबा चल सकता है, जिसमें कई लोगों मारे जा सकते और 15 दिन मे मारे जा चुके हैं।
ईरान के ‘ऑयल हब’ पर ट्रंप का भीषण प्रहार, खार्ग द्वीप के 90 मिलिट्री ठिकाने तबाह
खर्ग द्वीप पर अमेरिका के हमले से तनाव बढ़ा
बता दें में ईरान और अमेरिका में तनाव स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को बंद करने के साथ खर्ग आइलैंड पर हमले से बढ़ा है। अमरिकी सेना ने खर्ग में सैन्य ठिकाने तबाह करके तानव को बढ़ाया है। क्योंकि ईरान का 90 प्रतिशत तेल भंडार खर्ग द्वीप पर हैं और यही से दुनिया को निर्यात होता है। ऐसे में खर्ग द्वीप ईरान की कमजोर नस है, जिस पर अमेरिका ने हमला करना जारी रखा तो ईरान पूरी दुनिया को लिए होर्मुज स्ट्रेट को बंद कर देगा, यह चेतावनी ईरान के सुप्रीम लीडर ने दी है।
ओमान-मिस्र ने शुरू की मध्यस्थता की कोशिश
सूत्रों के अनुसार, मिडिल ईस्ट में युद्ध के शुरुआती दिनों में अमेरिका ने ओमान के जरिए शांति वार्ता करनी चाही थी। 3 बार बैठकें भी हुई थी, लेकिन ईरान ने अमेरिका की मांगें नहीं मानी। तीनों बैठकों में अमेेरिका ने जंग रोकने की कोशिश की, लेकिन ईरान ने हर बार निराश किया। ईरान के शीर्ष सुरक्षा अधिकारी अली लारिजानी और विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने ओमान के जरिए युद्धविराम पर चर्चा की कोशिश की थी। अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस मामला सुलझा सकते हैं।
15 दिन में दोनों पक्षों का भारी नुकसान हुआ
बता दें कि मिडिल ईस्ट में अमेरिका-इजरायल और ईरान की जंग 28 फरवरी को शुरू हुई थी। 15 दिन की जंग में दोनों पक्षों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। अमेरिका-इजरायल ने हमले करके आधे से ज्यादा ईरान को तबाह कर दिया है। हमलों में अब तक ईरान के 2000 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं अरब देशों में बने अमेरिका के सैन्य ठिकाने तबाह हो चुके हैं। ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट को बाधित करके दुनियाभर के कई देशों का नुकसान किया, वैश्विक तेज बाजार प्रभावित हुआ।
संबंधित खबरें
माइक्रोसॉफ्ट ने 60,000 कर्मचारियों को दिया नौकरी छोड़ने का ऑफर
7 mins agoमिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच तेहरान में जुटे 'मक्का पैक्ट' के दिग्गज
1 hr agoक्या हैं अमेरिका के मिडटर्म इलेक्शन, क्यों कराए जाते और क्या पड़ेगा असर?
9 hrs agoनेतन्याहू फिर बनेंगे प्रधानमंत्री? जानें चुनावी रण में कौन-कौन दे रहा टक्कर
11 hrs agoकौन हैं 81 साल के लूला डा सिल्वा, जिन्हें चौथी बार मिली ब्राजील की सत्ता?
11 hrs agoसर्बिया में छात्रों ने बदली सत्ता! 14 साल बाद अलेक्जेंडर वुचिच हारे चुनाव
15 hrs agoभुवनेश्वर में दिखने लगा चक्रवात 'अर्नब' का असर, कई इलाकों में बारिश
16 hrs agoट्रंप के विरोधी लूला फिर बनेंगे ब्राजील के राष्ट्रपति, चौथी बार जीता चुनाव
16 hrs agoनेतन्याहू को इजरायल में चुनाव से पहले ईरान से किस बात का सता रहा डर?
1 day agoव्हाइट हाउस के रेनोवेशन पर ओबामा ने कसा तंज, ट्रंप को बताया क्रूर
1 day agoन्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।
First published on:
Know More: Editorial Guidelines