मिडिल ईस्ट में जारी जंग की चिंगारी अजरबैजान भी पहुंच गई है. अजरबैजान ने गुरुवार को ईरानी क्षेत्र से अपने नखचिवन क्षेत्र पर हुए ड्रोन हमलों की कड़े शब्दों में निंदा की है. इन हमलों में न केवल इंफ्रास्ट्रक्चर को भारी नुकसान पहुचा है, बल्कि आम नागरिक भी घायल हुए हैं.
अजरबैजान के विदेश मंत्रालय की ओर से जारी आधिकारिक बयान के मुताबिक, 5 मार्च की दोपहर ईरानी सीमा की ओर से कई ड्रोन दागे गए. इनमें से एक ड्रोन सीधे नखचिवन एयरपोर्ट की टर्मिनल बिल्डिंग से जा टकराया, जिससे वहां अफरा-तफरी मच गई. वहीं, एक अन्य ड्रोन एक गांव की स्कूली इमारत के पास गिरा. इस हमले में दो नागरिक हो गए.
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दी कड़ी चेतावनी
अजरबैजान ने इस हमले को अंतरराष्ट्रीय कानून और सिद्धांतों का खुला उल्लंघन करार दिया है. साफ तौर पर कहा है कि वह इसका उचित जवाब देने का पूरा अधिकार सुरक्षित रखता है. विदेश मंत्रालय ने ईरान से मांग की है कि वह कम से कम समय में इस घटना पर स्पष्टीकरण दे और यह सुनिश्चित करे कि भविष्य में ऐसी हरकत दोबारा न हो.
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राजदूत तलब कर चेताया
हमले के तुरंत बाद कूटनीतिक कार्रवाई करते हुए अजरबैजान ने ईरान के राजदूत मुजतबा दमिरचिलो को विदेश मंत्रालय में तलब किया. अजरबैजान ने राजदूत के सामने अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया है और एक औपचारिक 'प्रोटेस्ट नोट' भी सौंपा है.
बता दें, ईरान और अजरबैजान के बीच पहले से ही कड़वाहट रही है. ऐसी समय में ईरानी के ड्रोन वहां गिरने से स्थिति और बिगड़ सकती है.