जरूरी खबर! आपके पास भी हैं फटे-पुराने नोट? जानें क्या है इनके लिए RBI का नियम

RBI के मुताबिक फटे, गंदे या गलत छपे नोट बेकार नहीं होते. बैंक में इन्हें आसानी से बदला जा सकता है. जानते हैं ऐसे नोट बदलने का पूरा प्रोसेस, कितनी मिलेगी वैल्यू और बाकी जरूरी टिप्स.

Note exchange in RBI

News 24 GFX

विज्ञापन

RBI rules for torn Notes: अक्सर हमारी जेब, वॉलेट या अलमारी में ऐसे नोट मिल जाते हैं जो फटे हुए, गंदे या अधूरे होते हैं. पहली नजर में लगता है कि अब ये काम के नहीं रहे. लेकिन हकीकत यह है कि ऐसे नोट कभी भी पूरी तरह बेकार नहीं होते. भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने साफ कहा है कि इन नोटों को बैंकिंग नियमों के तहत आसानी से बदला जा सकता है.

RBI ने नोटों को तीन कैटेगरी में बांटा

  • गंदे या हल्के फटे नोट(Soiled Notes)- जिन पर हल्की गंदगी या छोटा-सा कट हो, लेकिन पूरा हिस्सा लगभग सुरक्षित हो.
  • कटे-फटे नोट (Mutilated Notes)- जिनका कोई हिस्सा गायब हो या ज्यादा नुकसान हुआ हो.
  • गलत छपे नोट(Imperfect Notes)- जिनमें प्रिंटिंग की गलती या किसी तरह की अल्टरेशन हो.

इन तीनों तरह के नोटों को बैंक स्वीकार करने के लिए बाध्य हैं, बशर्ते उनमें जरूरी सिक्योरिटी फीचर्स मौजूद हों.

Advertisment

कहां और कैसे बदले जा सकते हैं नोट?

फटे या पुराने नोटों को बदलने के लिए आपको RBI के दफ्तर जाने की ज़रूरत नहीं है. आप इन्हें किसी भी कॉमर्शियल बैंक, कोऑपरेटिव बैंक या रीजनल रूरल बैंक की शाखा में आसानी से बदल सकते हैं.

  • हल्के नुकसान वाले नोट बैंक काउंटर पर तुरंत बदल दिए जाते हैं.
  • बहुत ज्यादा फटे या अधूरे नोट का मामला RBI की Adjudication Process (न्याय निर्णयन प्रक्रिया) में भेजा जाता है.
  • खास बात यह है कि इसके लिए आपको उस बैंक का ग्राहक होना जरूरी नहीं है.

ये भी पढ़ें- ITR Filing डेडलाइन हो गई मिस? अब भी ऐसे भर सकते हैं टैक्स रिटर्न

कितनी मिलेगी वैल्यू?

बैंक आपको नोट की स्थिति के आधार पर उसका मूल्य देता है-

  • अगर नोट का आधा से ज्यादा हिस्सा सुरक्षित और पहचानने योग्य है, तो उसका पूरा मूल्य मिलेगा.
  • अगर नोट का आधा हिस्सा भी नहीं बचा, तो बैंक उसे अस्वीकार कर देगा.
  • खासकर 500 के नोट में एक्ट्रा जांच होती है ताकि धोखाधड़ी रोकी जा सके.

जरूरी टिप्स

फटे या गंदे नोटों को बदलते समय कुछ बातें ध्यान रखें-

  • नोट को और ज्यादा नुकसान न पहुंचाएं.
  • ऐसे नोटों का लेन-देन न करें, सीधे बैंक ले जाएं.
  • नोट पर स्टेपल, टेप या अतिरिक्त निशान लगाने से बचें.
  • बैंकिंग नियमों की जानकारी रखें ताकि अनावश्यक परेशानी न हो.

उपभोक्ता सुरक्षा के लिए RBI की सख्ती

RBI समय-समय पर बैंकों को निर्देश देता है कि वैध फटे या पुराने नोटों को अस्वीकार न करें. अगर कोई शाखा ऐसे नोट लेने से इंकार करती है, तो उस पर जुर्माना तक लगाया जा सकता है. इसका मकसद है कि आम लोगों को बिना किसी झंझट के अपनी मेहनत की कमाई वापस मिल सके.

विज्ञापन

इस तरह, आपके पास चाहे पुराने, गंदे या फटे नोट हों वे बेकार नहीं हैं. बस सही नियम समझकर बैंक जाइए और बिना घबराए नोट बदलवाइए.

विज्ञापन

Get Breaking News First and Latest Updates from India and around the world on News24. Follow News24 on Facebook, Twitter.

First published on:

Read more: About our editorial guidelines and standards here.

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Mikita Acharya

Mikita Acharya

मिकिता आचार्य News24 में ऑटो एंड टेक राइटर हैं. पत्रकारिता में उन्हें 6 साल से ज्यादा का अनुभव है. मूल रूप से मध्यप्रदेश के राजगढ़ जिले की रहने वाली मिकिता ने इंदौर के देवी अहिल्या विश्वविद्यालय के स्कूल और जर्नलिज्म एंड मास कम्यनिकेशन (SJMC, DAVV) से मास्टर्स इन जर्नलिज्म किया है. वहीं श्री वैष्णव इंस्टीट्यूट से इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी, इंदौर से बीएससी की डिग्री ली है. अपने करियर की शुरुआत मिकिता ने 2019 में ईटीवी भारत, हैदराबाद से की, जहां उन्होंने कई ऑटो, टेक के अलावा न्यूज के लिए कॉटेंट लिखा. इसके बाद दैनिक भास्कर सब-एडिटर के तौर पर उन्होंने न्यूज के साथ इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिज्म के लिए भी काम किया. साइंस बैकग्राउंड होने की वजह से ऑटोमोबाइल और टेक्नोलॉजी से जुड़ी खबरें लिखने में मिकिता की गहरी रूचि है. News24 में इस पद पर रहते हुए वे ऑटो और टेक्नोलॉजी से जुड़ी प्रोडक्ट लॉन्च, इंडस्ट्री ट्रेंड्स और रिव्यूज पर रोजाना लेख लिख रही हैं. मिकिता ने ऑटो और टेक से जुड़े कई बड़े इवेंट में ग्राउंड रिपोर्टिंग भी की है. वह ऑटो और टेक इंडस्ट्री से जुड़े एक्सपर्ट्स के संपर्क में रहती हैं. कितने साल का अनुभव: 6+ योग्यता : SJMC, DAVV से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स श्री वैष्णव इंस्टीट्यूट से इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी में बीएससी पिछला अनुभव: दैनिक भास्कर, ETV भारत
... और पढ़ें
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ