मुख्य बिंदु

  • MahaRail ने 484 करोड़ रुपये के 9 रेल इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स शुरू किए.
  • ये प्रोजेक्ट्स महाराष्ट्र के 6 जिलों में फैले हुए हैं.
  • इस पैकेज में 4 ROB, 4 सबवे और 1 RUB शामिल हैं.
  • केंद्र और राज्य के बीच 50:50 की साझेदारी से 7 प्रोजेक्ट्स को फंड किया गया.
  • इस इंफ्रास्ट्रक्चर से सेफ्टी, कनेक्टिविटी और ट्रैफिक के फ्लो में सुधार होने की उम्मीद है.

Maharashtra Launches Rail Infrastructure Projects: महाराष्ट्र रेल इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन (MahaRail) ने राज्य के 6 जिलों में लगभग 484 करोड़ रुपये के कंबाइंड इंवेस्टमेंट वाले 9 बड़े रेल इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स का उद्घाटन किया है. इन प्रोजेक्ट्स से रोड कनेक्टिविटी बेहतर होने, ट्रैफिक जाम कम होने और रेलवे क्रॉसिंग पर सेफ्टी बढ़ने की उम्मीद है.

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गडकरी-फडणवीस की मौजूदगी

उद्घाटन समारोह 12 जुलाई, 2026 को हाइब्रिड फॉर्मेट में आयोजित किया गया, जिसमें एक फिजिकल इवेंट के साथ-साथ पूरे राज्य में वर्चुअल टेलीकास्ट भी शामिल था. मेन इवेंट नागपुर में हाल ही में बने दीप्ति सिग्नल रोड ओवर ब्रिज (ROB) पर आयोजित किया गया. केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी चीफ गेस्ट के तौर पर शामिल हुए, जबकि महाराष्ट्र के सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की.

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इन जिलों को फायदा

हाल ही में शुरू किए गए प्रोजेक्ट्स में सबसे खास नागपुर में रेलवे क्रॉसिंग नंबर 73 पर बना 1,320 मीटर लंबा दीप्ति सिग्नल रोड ओवर ब्रिज है. बाकी 8 प्रोजेक्ट्स सतारा, नासिक, सांगली, अमरावती और चंद्रपुर जिलों में फैले हुए हैं, जिससे राज्य के अलग-अलग इलाकों में बेहतर ट्रांसपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर का फायदा पहुंचेगा.

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स्लो ट्रैफिक से आजादी!

इस पैकेज में 4 रोड ओवर ब्रिज (ROB), 4 रेलवे सबवे और एक रोड अंडर ब्रिज (RUB) शामिल हैं. इन स्ट्रक्चर्स को लेवल क्रॉसिंग खत्म करने, ट्रैफिक का फ्लो बेहतर करने और रोड का इस्तेमाल करने वालों और रेलवे ऑपरेशंस, दोनों के लिए देरी कम करने के मकसद से डिजाइन किया गया है.

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सभी 9 प्रोजेक्ट्स के बारे में जानें

  • अमरावती और बडनेरा रेलवे स्टेशन के बीच बडनेरा में रोड ओवर ब्रिज.
  • चंद्रपुर और तडाली रेलवे स्टेशन के बीच रोड ओवर ब्रिज.
  • ताकारी और किर्लोस्करवाड़ी रेलवे स्टेशन के बीच एलसी-112 पर रोड ओवर ब्रिज.
  • इतवारी और दिघोरी रेलवे स्टेशन के बीच एलसी-73 पर रोड ओवर ब्रिज.
  • भिलवडी और नांद्रे रेलवे स्टेशन के बीच एलसी-117 पर अंडरपास.
  • खेरवाडी और ओढा रेलवे स्टेशन के बीच एलसी-95 पर अंडरपास.
  • मसूर और शिरवडे रेलवे स्टेशन के बीच मसूर में अंडरपास.
  • एनएच-44 पर गुमगांव और बुटीबोरी रेलवे स्टेशन के बीच डोंगरगांव में एलसी-116 पर अंडरपास.
  • भांडेवाडी और इतवारी रेलवे स्टेशन के बीच एलसी-1126/1एन पर रोड अंडरब्रिज.

इंडियन रेलवे का अहम योगदान

इन प्रोजेक्ट्स की प्लानिंग और उन्हें पूरा करने में भारतीय रेलवे ने अहम रोल अदा किया है, क्योंकि ज्यादातर स्ट्रक्चर्स एक्टिव रेलवे ट्रैक्स के ऊपर से गुजरते हैं. रेल मंत्रालय और महाराष्ट्र सरकार के बीच बेहतर तालमेल से रेलवे ऑपरेशंस और सेफ्टी स्टैंडर्ड को मेंटेन रखते हुए इन्हें आसानी से लागू किया जा सका.

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केंद्र और राज्य में लागत का बंटवारा

9 प्रोजेक्ट्स में से 7 को रेल मंत्रालय और महाराष्ट्र सरकार के बीच 50:50 कॉस्ट शेयरिंग अरेंजमेंट के तहत डेवलप किया गया था. फंडिंग का ये मिक्स मॉडल ट्रांसपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने की ज्वॉइंट कमिटमें को दिखाता है, जाहिर सी बात है कि इससे महाराष्ट्र के कई जिलों का फायदा होगा.

आम जनता को होगा फायदा

इन प्रोजेक्ट्स के शुरू होने से पैसेंजर्स और माल ढुलाई को सेफ ट्रैवल, फास्ट कनेक्टिविटी और कम ट्रैफिक जाम का फायदा मिलने की उम्मीद है. ये पहल कई जिलों में ज्यादा एफिशिएंट रोड और रेल नेटवर्क बनाकर महाराष्ट्र के लंबे समय के इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट के लक्ष्यों को भी पूरा करने में मदद करती है.