UP Summer Vacation 2026: गर्मी की छुट्टियां शुरू होते ही ज्यादातर शिक्षक अपने परिवार के साथ बाहर घूमने या निजी कामों की योजना बनाते हैं, लेकिन इस बार उत्तर प्रदेश में माध्यमिक शिक्षा परिषद से जुड़े शिक्षकों के लिए नियम पहले से ज्यादा सख्त कर दिए गए हैं. रिपोर्ट के मुताबिक, जिले में लगातार होने वाली भर्ती और प्रवेश परीक्षाओं को ध्यान में रखते हुए शिक्षा विभाग ने साफ निर्देश जारी किए हैं कि कोई भी शिक्षक बिना अनुमति जिले से बाहर नहीं जा सकेगा. विभाग का कहना है कि आने वाले दिनों में कई महत्वपूर्ण परीक्षाएं आयोजित होनी हैं, इसलिए शिक्षकों की उपलब्धता सुनिश्चित करना बेहद जरूरी है.
यह भी पढ़ें: आज का मौसम 11 मई: दिल्ली में तूफान राजस्थान में लू, यूपी-बिहार में आज IMD का अलर्ट जारी;
---विज्ञापन---
परीक्षाओं की जिम्मेदारी के कारण लिया गया बड़ा फैसला
Uttar Pradesh Madhyamik Shiksha Parishad से जुड़े स्कूलों के शिक्षकों को गर्मी की छुट्टियों के दौरान भी जिले में मौजूद रहने के आदेश दिए गए हैं. जिला विद्यालय निरीक्षक राजेश कुमार सिंह ने बताया कि आने वाले हफ्तों में जिले में कई बड़ी प्रतियोगी और भर्ती परीक्षाएं कराई जानी हैं. इनमें लेखपाल भर्ती परीक्षा, IAS प्रवेश परीक्षा, बीएड प्रवेश परीक्षा, आरक्षी नागरिक पुलिस भर्ती परीक्षा, प्रवक्ता भर्ती परीक्षा और यूपीटेट जैसी अहम परीक्षाएं शामिल हैं. इन परीक्षाओं के संचालन में शिक्षकों की ड्यूटी लगाई जाएगी, इसलिए उन्हें जिले में रहना जरूरी होगा.
---विज्ञापन---
मई से जुलाई तक लगातार होंगी बड़ी परीक्षाएं
शिक्षा विभाग के अनुसार लेखपाल भर्ती परीक्षा 21 मई को आयोजित होगी, जबकि IAS प्रवेश परीक्षा 24 मई को दो पालियों में कराई जाएगी. इसके बाद 31 मई को बीएड प्रवेश परीक्षा आयोजित होनी है. वहीं जून महीने में पुलिस भर्ती परीक्षा आठ, नौ और 10 जून को प्रतिदिन दो पालियों में होगी. इसके अलावा 14 जून को राजकीय इंटर कॉलेज में प्रवक्ता भर्ती परीक्षा कराई जाएगी. जुलाई में यूपीटेट परीक्षा दो, तीन और चार जुलाई को आयोजित होने वाली है. विभाग का मानना है कि इतनी बड़ी संख्या में परीक्षाओं के सफल संचालन के लिए शिक्षकों की उपस्थिति बेहद जरूरी है, इसलिए इस गर्मी की छुट्टियों में उन्हें जिले में ही रहना पड़ेगा.
---विज्ञापन---
बिना अनुमति बाहर जाने पर होगी कार्रवाई
जिला विद्यालय निरीक्षक ने साफ कहा है कि यदि किसी शिक्षक को किसी जरूरी काम से जिले से बाहर जाना पड़ता है, तो उसे पहले विभाग को लिखित सूचना देनी होगी और आधिकारिक अनुमति भी लेनी होगी. बिना अनुमति जिले से बाहर जाने वाले शिक्षकों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जा सकती है. शिक्षा विभाग ने सभी स्कूलों को यह आदेश तुरंत प्रभाव से लागू करने के निर्देश दिए हैं, ताकि परीक्षा व्यवस्था में किसी तरह की परेशानी न हो और सभी परीक्षाएं शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराई जा सकें.
---विज्ञापन---
यह भी पढ़ें: पीएम मोदी के आत्मनिर्भर भारत संकल्प को मजबूत करने के लिए आगे आएं नागरिक, सीएम
---विज्ञापन---