भारत में बुलेट ट्रेन का काम तेजी से जारी है, इस बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उत्तर प्रदेश के निवासियों के एक और बड़ा तोहफा दे दिया है. शनिवार को केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि बुलेट ट्रेन नेटवर्क के लिए नॉर्दन कॉरिडोर के तहत पीएम मोदी ने दिल्ली, यूपी और बिहार को जोड़ने वाले नेटवर्क के बेहतर होने की उम्मीद जताई है. बुलेट ट्रेन के संचालन से बिजनेस और बड़ी अर्थव्यवस्था को दशकों तक बड़ा फायदा होगा. इस प्रोजेक्ट में दिल्ली से कानपुर, लखनऊ, वाराणसी और पटना को जोड़ने का काम जल्द शुरू होगा.
किन शहरों से होकर गुजरेगा हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर?
नॉर्दर्न कॉरिडोर की शुरुआत दिल्ली से होगी, इसके बाद यह आगरा, कानपुर, लखनऊ और अयोध्या को जोड़ते हुए वाराणसी पहुंचेगा. यहां से इसका विस्तार पटना और फिर गुवाहाटी तक प्रस्तावित है. इस नेटवर्क के विकसित होने से उत्तर प्रदेश और बिहार के कई प्रमुख शहरों के बीच संपर्क बेहतर होगा.
महज 3 घंटे 33 मिनट में दिल्ली से वाराणसी
पीएम मोदी की मंजूरी के बाद प्रस्तावित हाई-स्पीड रेल नेटवर्क के नॉर्दर्न कॉरिडोर में दिल्ली से लेकर आगरा, कानपुर, लखनऊ, अयोध्या, वाराणसी और पटना तक के शहरों को जोड़ने की योजना है. यह कॉरिडोर आगे गुवाहाटी तक जाएगा. बुलेट ट्रेन से दिल्ली से वाराणसी के बीच की दूरी महज 3 घंटे 33 मिनट में पूरी की जा सकेगी. वहीं, वाराणसी से पटना पहुंचने में करीब 1 घंटे का समय लगेगा. अभी सड़क और सामान्य रेल मार्ग से इन शहरों के बीच सफर में काफी अधिक समय लगता है.
इन रूटों पर भी बचेगा समय
रेल मंत्री के मुताबिक, दिल्ली से आगरा का सफर 59 मिनट, दिल्ली से कानपुर का 1 घंटा 45 मिनट और दिल्ली से लखनऊ का सफर 2 घंटे 12 मिनट में पूरा किया जा सकेगा. इसके अलावा वाराणसी से लखनऊ पहुंचने में 1 घंटा 21 मिनट, प्रयागराज पहुंचने में 33 मिनट और आगरा पहुंचने में 2 घंटे 34 मिनट लगने का अनुमान है.