Namo Bharat Train: दिल्ली-एनसीआर में रफ्तार का पर्याय बन चुकी नमो भारत ट्रेन का नेटवर्क अब जल्द ही उत्तराखंड के प्रमुख धार्मिक और पर्यटन स्थलों तक पहुंच सकता है. नमो भारत ट्रेन का संचालन करने वाली संस्था नेशनल कैपिटल रीजन ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन यानी एनसीआरटीसी ने इस बेहद महत्वपूर्ण विस्तार योजना पर शुरुआती काम शुरू करने के लिए अपनी सहमति दे दी है. एनसीआरटीसी के प्रबंध निदेशक शलभ गोयल ने इस संबंध में उत्तराखंड के मुख्य सचिव आनंद बर्धन को एक पत्र लिखा है, जिसमें उन्होंने प्रोजेक्ट को आगे बढ़ाने की इच्छा जताते हुए शुरुआती सर्वे और जरूरी रिपोर्ट तैयार करने के लिए बजट जारी करने का अनुरोध किया है.

शुरुआती सर्वे और डीपीआर के लिए मांगे 7.02 करोड़ रुपये

इस महायोजना को जमीन पर उतारने के पहले चरण के तहत एनसीआरटीसी ने रूट सर्वे, वैकल्पिक विश्लेषण रिपोर्ट और विस्तृत परियोजना रिपोर्ट यानी डीपीआर तैयार करने के लिए उत्तराखंड सरकार से 7.02 करोड़ रुपये के बजट की मांग की है. इस पत्र के मिलने के बाद उत्तराखंड के मुख्य सचिव ने राज्य के परिवहन विभाग को निर्देश दिया है कि वे इस परियोजना के लिए एक औपचारिक प्रस्ताव तैयार करें ताकि इसे जल्द से जल्द राज्य कैबिनेट की मंजूरी के लिए पेश किया जा सके. परिवहन विभाग ने इसके लिए वित्त विभाग के साथ फंड की व्यवस्था को लेकर बातचीत का सिलसिला भी शुरू कर दिया है.

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मेरठ से हरिद्वार और ऋषिकेश के बीच बनेगा ट्रैक

मौजूदा समय में दिल्ली-मेरठ नमो भारत कॉरिडोर दिल्ली के सराय काले खां से शुरू होकर मेरठ के मोदीपुरम तक जाता है. नए प्रस्ताव के अनुसार मेरठ से आगे हरिद्वार और ऋषिकेश तक करीब 150 किलोमीटर का नया ट्रैक बिछाया जाएगा. इस 150 किलोमीटर लंबे रूट में से लगभग 72 किलोमीटर का हिस्सा उत्तर प्रदेश की सीमा में आएगा, जबकि बाकी का 78 किलोमीटर का हिस्सा उत्तराखंड के अंतर्गत कवर किया जाएगा. उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी इस प्रोजेक्ट को लेकर केंद्र सरकार के साथ लगातार काम कर रहे हैं, वहीं पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉक्टर संजीव बालियान ने भी इस रूट में मुजफ्फरनगर को शामिल करने की पुरजोर वकालत की है.

दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के बाद यात्रियों को मिलेगा एक और बड़ा तोहफा

यह नया प्रस्ताव दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के उद्घाटन के ठीक बाद आया है, जिसने दोनों शहरों के बीच सड़क मार्ग के सफर को घटाकर मात्र ढाई घंटे कर दिया है. अब नमो भारत रैपिड रेल का यह सीधा कनेक्शन सड़क मार्ग के बुनियादी ढांचे को और ज्यादा मजबूती देगा. इस रूट के चालू होने से हर साल हरिद्वार और ऋषिकेश आने वाले लाखों श्रद्धालुओं, पर्यटकों और दिल्ली-एनसीआर के बीच व्यापार करने वाले कारोबारियों को बहुत बड़ा फायदा मिलेगा. हालांकि प्रोजेक्ट अभी अपनी शुरुआती प्लानिंग स्टेज में है, लेकिन यह कदम उत्तर भारत में क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को एक नए स्तर पर ले जाने वाला साबित होगा.