एक ऐसी कब्र जिसे लोग मारते हैं जूते-चप्पल, सालों से इस बात की दी जा रही है सजा..

ये कब्र पंजाब के श्री मुक्तसर साहिब गुरुद्वारे के पास है। ये कब्र मुगलों के जासूस नूरदीन की है, जिसने श्री गुरु गोबिंद सिंह जी को जान से मारने की कोशिश की थी।

Shri Guru Gobind Singh, Noordin, grave hitting with shoes and slippers, punjab, muktsar

Punjab grave hitting with shoes: अक्सर लोग कब्र पर दुआ मांगने जाते हैं, लेकिन पंजाब में एक कब्र ऐसी है जिस पर लोग जूते-चप्पल मारते हैं। जिस शख्स की ये कब्र है उसे लोग सालों से उसके बुरे कर्मों की सजा दे रहे हैं। यह कब्र हर कुछ साल में टूट जाती है, लोग फिर इसे बना देते हैं और जूते-चप्पल मारने का ये सिलसिला वर्षों से जारी है।

विज्ञापन

दरअसल, ये कब्र पंजाब के श्री मुक्तसर साहिब गुरुद्वारे के पास है। बताया जाता है कि ये कब्र मुगलों के जासूस नूरदीन की है, जिसने श्री गुरु गोबिंद सिंह जी को जान से मारने की कोशिश की थी। लेकिन इस हमले में गुरु साहिब तो बच गए लेकिन उन्होंने अपने बचाव में किए वार से नूरदीन को मार गिराया था।

विज्ञापन

साल में एक बार लगता है मेला

पंजाबी साहित्य के जानकारों के मुताबिक नूरदीन की कब्र श्री दरबार साहिब के पास है, यहां साल में एक बार मेला लगता है और बड़ी संख्या में सिख श्रद्धालुओं यहां दरबार साहिब के दर्शन के लिए आते हैं। इसी दौरान लोग श्रद्धालु कब्र पर भी जाते हैं और उसे जूते-चप्पल मारते हैं। ऐसी मान्यता है कि आज भी नूरदीन को उसके पापों की सजा दी जा रही है।

विज्ञापन

भेष बदल कर गुरु साहिब के साथ रह रहा था नूरदीन

स्थानीय लोगों के अनुसार मुगलों के कहने पर ही नूरदीन श्री गुरु गोबिंद सिंह जी के साथ भेष बदल कर रहता था। एक दिन सुबह-सुबह जब कोई नहीं था और गुरु साहिब सैर कर रहे थे तो उसने उन पर हमला बोल दिया। लेकिन इससे पहले की नूरदीन अपनी मंशा पर कामयाब हो पाता गुरु साहिब ने उसे मार गिराया। जिसके बाद नूरदीन को वहीं दफना दिया गया। तभी से लोग नूरदीन को उसके पापों की सजा के प्रतीक के रूप में उसकी कब्र पर जूते-चप्पल मारते हैं।

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Amit Kasana

Amit Kasana

अमित कसाना: पत्रकारिता की दुनिया में एक सिद्धहस्त कहानीकार अमित कसाना सिर्फ खबरें नहीं लिखते बल्कि उन्हें बारीकी से संवारते हैं ताकि पाठकों तक सटीक, ताजा और प्रभावी जानकारी पहुंचे. News 24 में न्यूज एडिटर के रूप में उनकी भूमिका समाचारों को प्रस्तुत करने से कहीं अधिक है, वह उन्हें संदर्भ और दृष्टिकोण के साथ गढ़ते हैं. 2008 में 'दैनिक जागरण' से अपनी यात्रा शुरू करने वाले अमित ने 'दैनिक भास्कर' और 'हिंदुस्तान' जैसे प्रतिष्ठित प्रकाशनों में भी अपनी पहचान बनाई. 17 वर्षों के लंबे अनुभव के साथ उन्होंने पत्रकारिता के हर पहलू को बारीकी से समझा, चाहे वह प्रिंट, टेलीविजन या डिजिटल मीडिया हो. राजनीति, अपराध, खेल, मनोरंजन, कानून, ऑटोमोबाइल, लाइफस्टाइल और अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़े विषयों की रिपोर्टिंग में उनकी गहरी पकड़ है. ब्रेकिंग न्यूज की रोमांचक दुनिया, खोजी पत्रकारिता की गहराई और तथ्यपूर्ण रिपोर्टिंग का संयोजन अमित की कार्यशैली की पहचान है. News 24 में उनका लक्ष्य स्पष्ट है समाचारों को त्वरितता और सटीकता के साथ प्रस्तुत करना ताकि पाठकों को भरोसेमंद और सार्थक जानकारी मिल सके.
... और पढ़ें
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ