Maharashtra News: भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के बीच महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में राज्य सरकार और रक्षा बलों के बीच एक महत्वपूर्ण उच्चस्तरीय बैठक का आयोजन किया गया। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की अध्यक्षता में वर्षा निवास पर आयोजित इस बैठक में राज्य की सुरक्षा और आपात तैयारियों की व्यापक समीक्षा की गई। बैठक में उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और अजित पवार भी मौजूद थे।
भारतीय सेना, नौसेना और वायुसेना के वरिष्ठ अधिकारियों सहित आरबीआई, जेएनपीटी, बीपीटी, मुंबई स्टॉक एक्सचेंज, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज, एटीएस और होमगार्ड जैसे महत्वपूर्ण संस्थानों के प्रतिनिधि भी बैठक में उपस्थित रहे।
क्या बोले सीएम फडणवीस?
मुख्यमंत्री फडणवीस ने इस अवसर पर कहा, “भारतीय सेना ने जिस प्रकार से ‘ऑपरेशन सिंदुर’ को अंजाम दिया, वह सराहनीय और अभूतपूर्व है। हम सभी रक्षा बलों को सलाम करते हैं। मुंबई केवल एक शहर नहीं, बल्कि देश की आर्थिक राजधानी है। ऐसे में सुरक्षा को लेकर कोई समझौता नहीं किया जा सकता।”
बैठक में गुप्तचर जानकारी के आदान-प्रदान, तकनीक के बेहतर इस्तेमाल और साइबर सुरक्षा पर विशेष चर्चा की गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाले समय में राज्य सरकार और रक्षा बलों के बीच समन्वय को और प्रभावी बनाया जाएगा।
बैठक में शामिल कई वरिष्ठ अधिकारी
बैठक में राज्य की मुख्य सचिव सुजाता सौनिक, गृह विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव इक्बाल सिंह चहल, पुलिस महानिदेशक रश्मि शुक्ला, मुंबई पुलिस आयुक्त देवेन्द्र भारती, मुंबई महापालिका के अतिरिक्त आयुक्त विपीन शर्मा सहित कई वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। खुफिया विभाग, आपदा प्रबंधन, नागरिक सुरक्षा और जिलों के प्रतिनिधियों ने भी राज्य की तैयारियों की जानकारी दी।
मुख्यमंत्री ने सभी एजेंसियों को सतर्क रहने के निर्देश देते हुए कहा कि “खुफिया सूचनाओं का त्वरित आदान-प्रदान और समन्वय ही हमारी सबसे बड़ी ताकत है।” उन्होंने कहा कि राज्य सरकार हर स्तर पर सुरक्षा बलों को पूरा सहयोग देगी।