मध्यप्रदेश में स्थापना दिवस और भगवान बिरसा मुंडा की जयंती इस बार बड़े स्तर पर मनाई जाएगी. इन कार्यक्रमों में किसानों के कल्याण और आदिवासी समाज के गौरव पर खास ध्यान दिया जाएगा. मुख्यमंत्री मोहन यादव ने शनिवार को लोकभवन में राज्यपाल मंगुभाई पटेल से मुलाकात की. इस दौरान उन्होंने दोनों आयोजनों की तैयारियों और सरकार के आने वाले कार्यक्रमों की जानकारी दी. मुख्यमंत्री ने बताया कि 1 नवंबर को मध्यप्रदेश का स्थापना दिवस मनाया जाएगा. राज्य सरकार इस साल को ‘किसान कल्याण वर्ष’ के रूप में मना रही है. इसलिए स्थापना दिवस के कार्यक्रमों में किसानों के हित से जुड़ी योजनाओं को खास जगह दी जाएगी.
बिरसा मुंडा जयंती पर होंगे प्रदेशभर में कार्यक्रम
मुख्यमंत्री ने बताया कि 15 नवंबर को भगवान बिरसा मुंडा की जयंती भी बड़े स्तर पर मनाई जाएगी. इस मौके पर पूरे प्रदेश में कार्यक्रम होंगे. खास तौर पर आदिवासी इलाकों में लोगों की भागीदारी के साथ जयंती मनाने की तैयारी है. उन्होंने कहा कि इस आयोजन में देशभर के लोग भी शामिल होंगे. सरकार का उद्देश्य भगवान बिरसा मुंडा के योगदान और आदिवासी समाज के गौरव को सम्मान देना है.
आने वाले कार्यक्रमों पर भी हुई चर्चा
राज्यपाल से मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री ने अगले साल होने वाले कार्यक्रमों और सरकार की योजनाओं पर भी चर्चा की. मुख्यमंत्री के मुताबिक, राज्यपाल ने सरकार की योजनाओं पर मार्गदर्शन दिया और काम को आगे बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित किया. सरकार स्थापना दिवस को किसान कल्याण और बिरसा मुंडा जयंती को आदिवासी गौरव से जोड़कर मनाने की तैयारी कर रही है.