Delhi Excise Policy Case : दिल्ली विधानसभा चुनाव से पहले आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक और पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। अबकारी नीति मामले में दिल्ली के उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने प्रवर्तन निदेशालय (ED) को केजरीवाल के खिलाफ मुकदमा चलाने की अनुमति दी है। एलजी दफ्तर से यह जानकारी सामने आई है।
दिल्ली में अगले साल की शुरुआत में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। इससे ठीक पहले आम आदमी पार्टी को बड़ा झटका लगा। एलजी ने दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के खिलाफ मुकदमा चलाने की मंजूरी दी। अब एक्साइज पॉलिसी मामले में ईडी द्वारा उनके खिलाफ केस चलाया जाएगा। जांच एजेंसी ने अरविंद केजरीवाल पर 100 करोड़ रुपये की रिश्वत लेने का आरोप लगाया है, लेकिन आम आदमी पार्टी ने इस आरोप को खारिज कर दिया।
केजरीवाल पर केस चलाने के आदेश पर क्या बोले दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष?
अरविंद केजरीवाल पर मुकदमा चलाने के आदेश पर दिल्ली भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने कहा कि यह स्पष्ट है कि अरविंद केजरीवाल दिल्ली आबकारी नीति घोटाले के ‘सरगना’ हैं और उन्होंने दिल्ली को लूटा है। जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ेगी, अरविंद केजरीवाल इसमें दोषी हैं और उन्हें सजा मिलेगी।
सीएम आतिशी की आई प्रतिक्रिया
सीएम आतिशी ने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि अगर एलजी साहब ने अरविंद केजरीवाल के खिलाफ मुकदमा चलाने की मंजूरी दी है तो ED को मंजूरी की कॉपी सार्वजनिक करने में क्या दिक्कत है? ये खबर सिर्फ लोगों को गुमराह करने, मुद्दों से भटकाने के लिए फैलाई जा रही है। भाजपा ये साजिशें बंद करो। सच सामने लाओ।
जानें ईडी ने क्या लगाया आरोप?
आपको बता दें कि इस महीने के शुरू में ईडी ने 5 दिसंबर को उपराज्यपाल से अरविंद केजरीवाल पर केस चलाने की परमिशन मांगी थी। जांच एजेंसी ने दावा किया है कि एक्साइज पॉलिसी बनाने और कार्यान्वयन में बड़े लेवल पर करप्शन हुआ। इस पॉलिसी के तहत केजरीवाल ने प्राइवेट संस्थाओं को फायदा पहुंचाने का काम किया।
AAP ने आरोपों को सिरे से किया खारिज
आम आदमी पार्टी (AAP) ने जांच एजेंसी के आरोपों पर कहा कि एक्साइज पॉलिसी मामले में पिछले दो सालों से जांच चल रही है। साथ ही 500 से अधिक लोगों को परेशान किया गया। 50 हजार पेजों के डॉक्यूमेंट सबमिट किए गए और 250 से अधिक रेड मारी गई, लेकिन इस कार्रवाई में आज तक एक भी पैसा नहीं मिला।