20 जून तक किसानों को उपलब्ध कराए जाएं फसलों के बीज, उपमुख्यमंत्री ने सभी जिलों को दिए निर्देश

बिहार सरकार ने किसानों को समय पर उन्नत बीज उपलब्ध कराने के लिए खरीफ 2025 बीज वितरण अभियान तेज कर दिया है। कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने बीज वितरण की जिलेवार निगरानी और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

Vijay kumar Sinha

उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा (फोटो सोर्स-X)

विज्ञापन

राज्य के किसानों को शारदीय (खरीफ )फसल की बुआई के लिए समय पर प्रमाणित और उन्नत बीज उपलब्ध कराने के उद्देश्य से बिहार सरकार ने बीज वितरण अभियान को गति दी है। इस संबंध में उप मुख्यमंत्री सह कृषि मंत्रीविजय कुमार सिन्हा ने स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि सभी फसलों के बीज 20 जून तक हर हाल में किसानों को उपलब्ध करा दिए जाएं।

फसलों को लेकर निर्धारित कर दिया लक्ष्य

उप मुख्यमंत्री ने कहा कि शारदीय (खरीफ) 2025 के लिए बीज वितरण के लक्ष्य निर्धारित किए गए हैं। संकर धान बीज वितरण का लक्ष्य 30,000 क्विंटल, हाई यील्डिंग धान प्रभेद का लक्ष्य 30,069 क्विंटल, संकर मक्का के लिए 9,500 क्विंटल तथा अरहर के लिए 9,740 क्विंटल निर्धारित किया गया है। इन बीजों के समय पर वितरण से किसानों को खरीफ सीजन में लाभदायक खेती का अवसर मिलेगा।

Advertisment

बीज वितरण की हर जिले में हो निगरानी

उप मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि बीज वितरण की प्रगति की जिलेवार नियमित निगरानी की जाए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा बीजों के वितरण की यह पूरी प्रक्रिया पारदर्शी ढंग से एवं किसानों की आवश्यकता के अनुरूप क्रियान्वित की जाएगी। इसके लिए कृषि विभाग द्वारा जिलेवार लक्ष्य निर्धारित कर दिए गए हैं तथा बीजों की आपूर्ति समय पर सुनिश्चित की जा रही है।


उप मुख्यमंत्री ने किसानों से अपील की है कि वे विभाग द्वारा वितरित उन्नत एवं प्रमाणित बीजों का अधिकाधिक उपयोग करें और वैज्ञानिक पद्धतियों से खेती कर उत्पादन में वृद्धि लाएं। यह पहल ‘विकसित बिहार – समृद्ध किसान’ के संकल्प को साकार करने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम है।

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ