Nitish Kumar News: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार बिहार के अल्पसंख्यक मतदाताओं को लगातार संदेश दे रहे हैं। पिछले एक हफ्ते में नीतीश कुमार बिहार में दो मजारों पर पहुंचे हैं और चादरपोशी की है। माना जा रहा है कि नीतीश, अल्पसंख्यक समुदाय को संदेश देने की कोशिश कर रहे हैं कि भले ही वह बीजेपी के साथ हों, लेकिन उन्हें मजार और दरगाह पर जाने से किसी तरह का परहेज नहीं है।
ये भी पढ़ेंः बिहार में जमीन सर्वे पर कन्फ्यूजन क्यों? तीन महीने टला है या नहीं, जानिए सच्चाई
ऐसा नहीं है कि नीतीश कुमार अपने इन कार्यों को किसी और के जरिए करवा रहे हों, जैसे कि प्रधानमंत्री मोदी करते हैं। प्रधानमंत्री भी सालाना उर्स के मौके पर अजमेर चादर भिजवाते हैं, उनके प्रतिनिधि चादर लेकर पहुंचते हैं। हालांकि नीमजार पर नीतीश की चादरपोशी के मायने क्या? आरजेडी को झटका देने की तैयारी, 1 हफ्ते में 2 जगहों पर टेका मत्थातीश कुमार खुद पहुंच रहे हैं और चादर चढ़ाने के बाद दुआ में खड़े हो रहे हैं।
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 16 सितंबर को फुलवारीशरीफ खानकाह मुजीबिया में उर्स के मौके पर चादरपोशी की और उसके बाद 22 सितंबर को नेहरू पथ स्थित दरगाह पर चादरपोशी की। बिहार के मुख्यमंत्री की ये तस्वीरें सोशल मीडिया के माध्यम से भी जारी की जा रही हैं। जाहिर है कि नीतीश अल्पसंख्यक समुदाय को साधने की कोशिश कर रहे हैं।
ये भी पढ़ेंः अचानक पूरे परिवार के साथ विदेश रवाना हुए तेजस्वी यादव! किस देश में गए, क्या रही वजह?
वक्फ बोर्ड विधेयक और जेडीयू
केंद्र सरकार की ओर से लोकसभा में पेश किए गए वक्फ बोर्ड विधेयक का जेडीयू ने समर्थन किया था। हालांकि ये बिल जेपीसी को भेज दिया गया है। लेकिन, अल्पसंख्यक समुदाय में इस बिल को लेकर बड़ी चिंताएं हैं। और मुस्लिम समाज लगातार इस बिल के मुद्दे पर मीटिंग और बैठकें कर रहा है। विधेयक के समर्थन में बोलते हुए ललन सिंह ने कहा था कि वक्फ बोर्ड कैसे बना। कोई भी संस्था जो कानून से बंधी हुई है। अगर वह निरंकुश होगी तो उसमें पारदर्शिता लाने के लिए सरकार को कानून बनाने का हक है।
बिहार में मुस्लिम आबादी
बिहार की राजनीति में मुस्लिम आबादी निर्णायक है। बिहार सरकार के जातिगत सर्वे के मुताबिक बिहार की कुल आबादी 13 करोड़ है, जिसमें 81.99 फीसदी हिंदू और 17.7 फीसदी मुस्लिम हैं। ऐसे में नीतीश कुमार की नजर इस वोट बैंक पर है। बिहार विधानसभा चुनावों की तैयारी में जेडीयू लगातार बैठकें और मीटिंग कर रही है। संगठन को विस्तार दिया गया है। इस बीच नीतीश कुमार की चादरपोशी सुर्खियों में आ गई है।
आरजेडी का कोर वोटर है मुसलमान
बिहार में आरजेडी का एक आजमाया हुआ MY समीकरण है। नीतीश कुमार की निगाह इसी समीकरण पर है। नीतीश चाहते हैं कि अल्पसंख्यक वोट उनसे दूर न जाए। हालांकि मुस्लिम वोटर को नीतीश से परहेज नहीं रहा है, लेकिन मॉब लिंचिंग, एंटी-मुस्लिम बयानबाजी और वक्फ जैसे मामलों ने नीतीश की चिंता बढ़ा दी है। बीजेपी के साथ होने से नीतीश के प्रति अल्पसंख्यक वोट में संदेह पैदा होना, जेडीयू के लिए ठीक नहीं होगा। जाहिर है कि मजारों पर चादरपोशी नीतीश की एक सोची समझी रणनीति है।
संबंधित खबरें
पटना में दरोगा भर्ती के अभ्यर्थियों का प्रदर्शन, परीक्षा की तारीख की मांग
4 hrs agoबिहार की सियासत में एक साथ दिखेंगे दो सगे MLC भाई, पिता रह चुके हैं विधायक
7 hrs agoछठ पूजा के लिए दिल्ली से पटना के लिए चलेंगी 50 से ज्यादा लग्जरी बसें
11 hrs agoMLC चुनाव में 13 सीटों पर BJP का कब्जा, सपा का कमबैक; PK की धमाकेदार एंट्री
11 hrs agoपटना में अंडरग्राउंड रोड, कैबिनेट की बैठक में 43 प्रस्ताव मंजूर
22 hrs agoबिहार में सुधा का नेटवर्क होगा मजबूत, 4,800 नई समितियां गठित
1 day agoबिहार में भारी बारिश का अलर्ट, 50 KM की रफ्तार से चलेंगी हवाएं
1 day agoबिहार में 95.12% पेंशन लाभार्थियों की आधार सीडिंग पूरी, मधुबनी जिला आगे
1 day agoNDA बनाम 'INDIA' : MLC चुनाव में किसने कहां मारी बाजी; कौन हारा-कौन जीता?
1 day ago'क्या दुकान से वोट खरीदे थे?', MLC चुनाव के नतीजों पर अनंत सिंह का दर्द
1 day agoन्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।
First published on:
Know More: Editorial Guidelines