Virat Kohli Decline Captaincy: स्टेज सेट है। फैन्स बेकरार हैं। सिक्योरिटी टाइट है और माहौल जम चुका है। अब बस हर किसी को 30 जनवरी की सुबह का इंतजार है। यही वो तारीख है, जब 12 साल बाद विराट कोहली रणजी के रण में एक बार फिर से उतरने वाले हैं। रेलवे के खिलाफ होने वाले मैच के लिए दिल्ली ने अपने स्क्वॉड का ऐलान कर दिया है, जिसमें किंग कोहली का नाम भी शुमार है। विराट लंबे समय से खराब फॉर्म से गुजर रहे हैं। ऑस्ट्रेलिया का दौरा कोहली के लिए किसी बुरे सपने से कम नहीं रहा था। रणजी में विराट पूरी तरह से अपनी बल्लेबाजी पर फोकस करना चाहते हैं और यही वजह है कि उन्होंने दिल्ली की कैप्टेंसी करने का ऑफर भी ठुकरा दिया।
कोहली ने ठुकराया कप्तानी का ऑफर
दरअसल, टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के अनुसार, दिल्ली क्रिकेट एसोसिएशन ने विराट कोहली को रेलवे के खिलाफ कप्तानी करने का ऑफर दिया था। हालांकि, कोहली ने इस ऑफर को ठुकरा दिया। खबर के मुताबिक कोहली बतौर बल्लेबाज ही इस मुकाबले में खेलना चाहते हैं।
कोहली से पहले ऋषभ पंत को भी डीडीसीए ने कैप्टेंसी करने को कहा था, लेकिन पंत ने भी दिल्ली की कमान संभालने से इनकार कर दिया था। पंत की तरह ही कोहली भी आयुष बदोनी की कप्तानी में खेलते हुए नजर आएंगे। कोहली ने रणजी में अपना आखिरी मुकाबला साल 2012 में खेला था।
कोहली से दमदार प्रदर्शन की आस
न्यूजीलैंड के खिलाफ घर में फ्लॉप शो और उसके बाद ऑस्ट्रेलिया की सरजमीं पर नाकामी के बाद हर किसी की नजरें विराट कोहली के प्रदर्शन पर टिकी हुई हैं। भारतीय क्रिकेट के तमाम फैन्स यही उम्मीद कर रहे हैं कि कोहली का बल्ला रणजी में जमकर बोले। विराट अगर अपनी खोई हुई फॉर्म को तलाशने में सफल रहते हैं, तो इसका फायदा टीम इंडिया को चैंपियंस ट्रॉफी में मिलेगा। 19 फरवरी से चैंपियंस ट्रॉफी का आगाज होना है, जहां भारतीय टीम अपने अभियान का आगाज 20 फरवरी को बांग्लादेश के खिलाफ करेगी। आईसीसी टूर्नामेंट्स में कोहली का बल्ला हमेशा से ही खूब बोला है। खासतौर पर विराट का रिकॉर्ड वनडे फॉर्मेट में वैसे ही कमाल का रहा है। 2023 में खेले गए वनडे विश्व कप में विराट ने 11 मैचों में 95 की औसत से खेलते हुए 765 रन ठोके थे।