अमेरिका-चीन नहीं, मिसाइल बनाने में सबसे आगे है ये देश; चौंका देगा नाम
दुनिया में मिसाइल बनाने की दौड़ में अक्सर अमेरिका और चीन का नाम लिया जाता है, लेकिन असल में एक ऐसा देश सबसे आगे है जिसका नाम जानकर हर कोई हैरान रह जाता है.

रूस दुनिया का सबसे बड़ा मिसाइल निर्माता देश है जिसके पास सबसे आधुनिक हाइपरसोनिक तकनीक और परमाणु हथियारों का विशाल भंडार मौजूद है. मिसाइल तकनीक के मामले में रूस अपने सहयोगी भारत के साथ मिलकर ब्रह्मांड की सबसे तेज मिसाइलों पर काम कर रहा है.
रूस की सरमत मिसाइल को साटन-2 क्यों कहा जाता है?
2 / 6रूस की सरमत मिसाइल एक द्वीप से दूसरे द्वीप तक मार करने की क्षमता रखती है और इसे किसी भी डिफेंस सिस्टम से रोकना नामुमकिन है. इस घातक मिसाइल की रफ्तार और मारक क्षमता इतनी जबरदस्त है कि इसे दुनिया के सबसे खतरनाक हथियारों में गिना जाता है.
क्या रूस के पास असीमित दूरी तक मार करने वाली मिसाइल है?
3 / 6राष्ट्रपति पुतिन दावा कर चुके हैं कि रूस की क्रूज मिसाइलें असीमित दूरी तक मार कर सकती हैं और इन्हें रडार की पकड़ में लाना बहुत मुश्किल है. रूस के पास हवा से लॉन्च होने वाली किंझल और 25 हजार किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार वाली एवनगार्ड जैसी मिसाइलें भी मौजूद हैं.
मिसाइल शक्ति के मामले में अमेरिका किस पायदान पर खड़ा है?
4 / 6मिसाइल बनाने की रेस में रूस के बाद अमेरिका दूसरे नंबर पर आता है जिसके पास पेट्रियॉट और मिनटमैन जैसी ताकतवर प्रणालियां मौजूद हैं. अमेरिका के पास करीब 5 हजार मिसाइलों का भंडार है जिनमें लंबी दूरी तक मार करने वाली बैलिस्टिक और क्रूज मिसाइलें शामिल हैं.
चीन की मिसाइल ताकत दुनिया के लिए कितनी बड़ी चुनौती है?
5 / 6रूस और अमेरिका के बाद चीन दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा मिसाइल निर्माता है जो डीएफ सीरीज की हाइपरसोनिक मिसाइलें तैयार करता है. चीन ने पिछले कुछ सालों में अपनी मिसाइल क्षमता को इतनी तेजी से बढ़ाया है कि वह अब दुनिया के टॉप देशों में शामिल हो गया है.
भारत की अग्नि और ब्रह्मोस मिसाइलें दुनिया में कितनी मशहूर हैं?
6 / 6भारत अपनी अग्नि और ब्रह्मोस जैसी मिसाइलों के दम पर दुनिया के टॉप 10 मिसाइल शक्ति संपन्न देशों की लिस्ट में अपनी जगह बनाए हुए है. फ्रांस और उत्तर कोरिया जैसे देश भी अपनी आधुनिक मिसाइल तकनीक के कारण इस रेस में भारत के साथ मजबूती से खड़े नजर आते हैं.