पावर ऑफ अटॉर्नी देते समय रहें सावधान, ये गलतियां हुईं तो हाथ से निकल सकती है जायदाद
पावर ऑफ अटॉर्नी देते समय कुछ गलतियां करने से भविष्य में परेशानी हो सकती है। आइए जानते हैं क्या सावधानियां बरतनी चाहिए। इस दौरान क्या क्या ध्यान रखना चाहिए। आइए विस्तार से समझते हैं।

पावर ऑफ अटॉर्नी देते समय सावधानी जरूरी है। अक्सर लोग रिश्तेदारों या दोस्तों पर भरोसा करके बिना नियमों को पढ़े अधिकारों का हस्तांतरण कर देते हैं, जिससे प्रॉपर्टी फ्रॉड हो सकता है। कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार, प्रॉपर्टी फ्रॉड के 40% मामलों में पावर ऑफ अटॉर्नी का गलत इस्तेमाल एक मुख्य वजह है।
अपरिचित व्यक्ति को देना
2 / 5पावर ऑफ अटॉर्नी देते समय 3 बड़ी गलतियों से बचें। अपरिचित व्यक्ति को देना- किसी अपरिचित या अज्ञात व्यक्ति को पावर ऑफ अटॉर्नी न दें।
स्पष्ट निर्देश न देना
3 / 5स्पष्ट निर्देश न देना- पावर ऑफ अटॉर्नी में स्पष्ट निर्देश न देने से गलत इस्तेमाल हो सकता है।
दस्तावेज की जांच न करना
4 / 5दस्तावेज की जांच न करना- पावर ऑफ अटॉर्नी दस्तावेज की जांच किए बिना हस्ताक्षर न करें।
पंजीकरण और समय सीमा की अनदेखी
5 / 5बिना रजिस्ट्रेशन के दी गई पावर ऑफ अटॉर्नी अक्सर कानूनी पचड़ों और धोखाधड़ी को जन्म देती है। अचल संपत्ति के मामलों में POA को सब-रजिस्ट्रार के कार्यालय में रजिस्टर्ड कराना अनिवार्य है, सिर्फ बिना रजिस्टर्ड कागज कोर्ट में मान्य नहीं होगा।