सड़कों के डिवाइडर पर क्यों लगाए जाते हैं पौधे? वजह जानकर रह जाएंगे हैरान
आपने अक्सर देखा होगा कि सड़कों के बीच बने रोड डिवाइडर पर पौधे और झाड़ियां लगाई जाती हैं. कई लोगों को लगता है कि इन्हें सिर्फ सजावट के लिए लगाया जाता है, लेकिन असल में इसके पीछे कई वैज्ञानिक और पर्यावरण से जुड़े कारण होते हैं. ये पौधे प्रदूषण कम करने से लेकर सड़क सुरक्षा बढ़ाने तक कई अहम काम करते हैं. आइए जानते हैं कि आखिर रोड डिवाइडर पर पौधे क्यों लगाए जाते हैं.

रोड डिवाइडर पर क्यों लगाए जाते हैं पौधे?
2 / 10सड़क के बीच बने डिवाइडर पर पौधे लगाना आज शहरों की प्लानिंग का अहम हिस्सा बन चुका है. इसका मकसद सिर्फ सुंदरता बढ़ाना नहीं होता, बल्कि पर्यावरण को बेहतर बनाना और सड़क पर सफर करने वालों की सुरक्षा बढ़ाना भी होता है. डिवाइडर पर लगे पौधे हवा को साफ करते हैं, धूल को रोकते हैं और ट्रैफिक के बीच एक प्राकृतिक बैरियर की तरह काम करते हैं.
प्रदूषण को कम करने में मददगार
3 / 10शहरों में गाड़ियों की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिससे हवा में कार्बन डाइऑक्साइड और बाकी हानिकारक गैसें बढ़ जाती हैं. रोड डिवाइडर पर लगाए गए पौधे इन गैसों को सोख लेते हैं. पौधे कार्बन डाइऑक्साइड को अपने अंदर लेकर ऑक्सीजन छोड़ते हैं, जिससे हवा को साफ रखने में मदद मिलती है और पर्यावरण बेहतर बनता है.
धूल और प्रदूषक कणों को रोकते हैं
4 / 10सड़कों पर लगातार चलने वाले वाहनों से धूल और छोटे कण हवा में फैलते रहते हैं. ये कण सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकते हैं. डिवाइडर पर लगे पौधे और झाड़ियां इन कणों को रोकने का काम करते हैं. इनके पत्तों पर धूल जमा हो जाती है, जिससे आसपास की हवा थोड़ी साफ रहती है और लोगों को सांस लेने में कम परेशानी होती है.
ध्वनि प्रदूषण को कम करते हैं
5 / 10भारी ट्रैफिक वाले इलाकों में हॉर्न और वाहनों की आवाज से ध्वनि प्रदूषण बढ़ जाता है. पौधे एक प्राकृतिक साउंड बैरियर की तरह काम करते हैं. इनके पत्ते और शाखाएं आवाज की तरंगों को कुछ हद तक रोक लेते हैं, जिससे ट्रैफिक का शोर थोड़ा कम महसूस होता है और आसपास के इलाकों में शांति बनी रहती है.
रात में हेडलाइट की चमक से बचाव
6 / 10रात के समय सामने से आने वाली गाड़ियों की तेज हेडलाइट ड्राइवरों की आंखों को चुभ सकती है. इससे दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है. रोड डिवाइडर पर लगे पौधे इस तेज रोशनी को कुछ हद तक रोक लेते हैं. इससे सामने से आने वाली रोशनी सीधे आंखों पर नहीं पड़ती और ड्राइवर को सड़क साफ दिखाई देती है.
गर्मी को कम करने में मददगार
7 / 10कंक्रीट और डामर की सड़कें गर्मी को जल्दी सोख लेती हैं, जिससे शहरों में तापमान ज्यादा महसूस होता है. रोड डिवाइडर पर लगे पौधे और हरियाली आसपास के वातावरण को ठंडा रखने में मदद करते हैं. पौधों से होने वाली प्राकृतिक वाष्पीकरण प्रक्रिया (Evaporation) के कारण वातावरण में थोड़ी ठंडक बनी रहती है.
सफर के दौरान मानसिक सुकून देते हैं
8 / 10हरियाली और रंग-बिरंगे पौधे देखने से लोगों को मानसिक रूप से अच्छा महसूस होता है. जब सड़क के बीच पौधे और फूल लगे होते हैं तो सफर करते समय आंखों को आराम मिलता है और तनाव कम महसूस होता है. यही वजह है कि कई शहरों में रोड डिवाइडर को आकर्षक पौधों और फूलों से सजाया जाता है.
मिट्टी और पानी के संतुलन में मदद
9 / 10डिवाइडर पर लगी मिट्टी बारिश के पानी को जमीन के अंदर जाने में मदद करती है. इससे ग्राउंड वेटर लेवल को बनाए रखने में मदद मिलती है. साथ ही पौधों की जड़ें मिट्टी को मजबूती से पकड़कर रखती हैं, जिससे मिट्टी का कटाव कम होता है और सड़क के आसपास का प्राकृतिक संतुलन बना रहता है.
कौन से पौधे प्रदूषण को कम करते हैं?
10 / 10सड़कों पर प्रदूषण कम करने के लिए मुख्य रूप से नीम, पीपल, साल, करंज, अर्जुन, सिरिश और बोगनविलिया जैसे पौधे लगाए जाते हैं. ये पौधे धूल, कार्बन मोनोऑक्साइड और बाकी जहरीली गैसों को सोखकर हवा को शुद्ध करते हैं. सदाबहार और घनी पत्तियों वाले पौधे शोर को कम करने और वायु गुणवत्ता सुधारने में सबसे प्रभावी हैं.
