पानी की बोतल पर लगे रंग बिरंगे ढक्कन का क्या है मतलब? आप नहीं जानते होंगे इसका सही मतलब
Water Bottle Cap Color Meaning: पानी की बोतल खरीदते वक्त आपने गौर किया होगा कि बोतल के ढक्कन अलग-अलग रंग के होते हैं. किसी का ब्लैक तो किसी का सफेद, लेकिन ऐसा क्यों है? अगर आपको इस बात का नहीं पता तो एक बार ये लेख जरूर पढ़ें.

Water Bottle Cap Types: पानी की बोतल नॉर्मल नहीं होती, क्योंकि इसके ढक्कन अलग-अलग होते हैं. इसके बारे में बहुत कम लोग जानते हैं कि बोतल के ढक्कन सिर्फ खूबसूरती के लिए डिजाइन नहीं किए जाते, बल्कि हमें यह बताने का काम करते हैं कि पानी की क्वालिटी कितनी अच्छी और अलग है. इसलिए मार्केट में मिलने वाली पानी की बोतल के ढक्कन का रंग कहीं रेड, तो कहीं ब्लैक, नीला या काला होता है. इन रंगों का क्या मतलब होता है, आइए इस लेख में विस्तार से जानते हैं.
क्या ढक्कन का रंग पानी की क्वालिटी बताता है?
2 / 6हर रंग पानी की क्वालिटी बताने का काम नहीं करता, क्योंकि कुछ रंग ब्रांड को बताने का काम करते हैं. पैकेजिंग डिजाइन, अलग-अलग सीरीज या मैन्युफैक्चरिंग की सुविधाएं भी ढक्कन का रंग बताने का काम करता है. इसे भी पढ़ें- बालों के लिए कौन सा पीएच पानी सबसे अच्छा है? जान लीजिए वरना नहीं रुकेगा हेयर फॉल
अलग-अलग क्यों होते हैं ढक्कन के रंग?
3 / 6इसके पीछे कई कारण हो सकते हैं जैसे- ब्रांड की पहचान, अलग-अलग प्रोडक्ट लाइन और कीमत तय करना आदि. इसलिए पानी की पहचान करने के लिए ढक्कन के रंग अलग रखे जाते हैं, जिसके बारे में बहुत कम लोग जानते हैं.
पानी की क्वालिटी की पहचान करना
4 / 6एक ही ब्रांड कई तरह के पानी बेचती है तब भी यह ट्रिक अपनाई जाती है जैसे- मिनरल वॉटर, पैकेज्ड ड्रिंकिंग वॉटर, स्पार्कलिंग वॉटर या फ्लेवर्ड वॉटर आदि की पहचान करने के लिए रंग बदले जाते हैं. आप ब्रांड की चेक करके बोतल खरीद सकते हैं.
कौन सा रंग किस पानी को बताता है?
5 / 6सोशल मीडिया पर वायरल रील के मुताबिक नीला ढक्कन मिनरल वॉटर, हरा ढक्कन फ्लेवर्ड वॉटर और काला ढक्कन अल्कलाइन वॉटर आदि को बताने का काम करता है. सफेद ढक्कन वाली बोतल का पानी नॉर्मल होता है.
इन बातों का रखें ध्यान
6 / 6पानी की बोतल खरीदते वक्त आपको ढक्कन के साथ बीआईएस और ISI मार्क जरूर चेक करना चाहिए. साथ ही, एक्सपायरी डेट को भी देखना चाहिए कि इस बोतल को कितने दिन पहले पैक किया गया है. बाकी रंग के हिसाब से पानी की क्वालिटी पर भी ध्यान देना है. इसे भी पढ़ें- इम्यूनिटी बढ़ाने वाला राजस्थान का पारंपरिक हल्दी का हलवा, जानें बनाने का सही तरीका