7 लोगों का 'काल' बनी अस्पताल की दीवार, घरों और दफ्तरों में घुसा पानी, बेंगलुरु में बारिश-तूफान से कैसे हैं हालात?
कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में भारी बारिश, आंधी-तूफान और ओलावृष्टि ने भयंकर तबाही मचाई। इतनी बारिश हुई और इतने ओले गिरने की पूरा शहर दरिया बन गया। जगह-जगह पेड़-पौधे और खंभे गिरे मिले। आइए देखते हैं कि बेंगलुरु में बारिश के बाद हालात कैसे हैं?

बेंगलुरु में बीते दिन बुधवार को अचानक मौसम बदला। बारिश शुरू हुई, जो देखते ही देखते मूसलाधार हो गई। फिर बारिश के साथ ओले गिरने लगे। हालांकि बारिश से लोगों को गर्मी से राहत मिली, लेकिन आसमान से इतना पानी बरसा और इतने ओले गिरे कि जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ।
अस्पताल की दीवार ढहने से हादसा
2 / 5बारिश के कारण Bowring and Lady Curzon नामक प्राइवेट अस्पताल की दीवार ढह गई। मलबे के नीचे 7 लोग दब गए, जिन्होंने रेस्क्यू किए जाने से पहले ही दम तोड़ दिया। मृतकों में 3 बच्चे भी शामिल हैं। अस्पताल में जहां लोग इलाज कराने आते हैं, वही अस्पताल मौत का कारण बन गया।
पानी भरने से बाढ़ जैसे हालात बने
3 / 5भारी बारिश के कारण शहरभर में सड़कों पर पानी भर गया। रेजिडेंशियल एरिया में बाढ़ जैसे हालात बन गए। लोगों के घरों और दफ्तरों तक में पानी घुस गया। सड़कों पर भरे पानी में गाड़ियों के फंसने से ट्रैफिक जाम हुआ। रिचमंड टाउन और शांतिनगर में कमर तक पानी भर गया था, जिससे लोग परेशान हुए।
कर्नाटक विधानसभा भवन में पानी भरा
4 / 5बेंगुलरु में भारी बारिश से विधानसभा भवन तक में पानी भर गया। विधानसभा के गलियारे तक दरिया बने हुए थे। कर्नाटक विधानसभा में विपक्ष के नेता आर. अशोक के दफ्तर में भी पानी भर गया था। भारी बारिश के कारण लोगों को अपने घर लौटने में भी परेशानी आई। कुछ देर के लिए मेट्रो सर्विस भी ठप रही।
ट्रैफिक जाम और सड़कों पर गिरे पड़े
5 / 5बेंगलुरु में बारिश के कारण सड़कों और चौराहों पर ट्रैफिक जाम रहा। मल्लेश्वरम, शांतिनगर और शेषाद्रिपुरम समेत कई इलाकों में तूफानी हवाओं के कारण पेड़ उखड़कर गिर गए। हालातों से निपटने के लिए फायर ब्रिगेड और इमरजेंसी टीमों, ट्रैफिक पुलिस को तैनात किया गया। ड्रेनेज सिस्टम न होने से लोगों में आक्रोश भी दिखा।