AC चलाने वालों के लिए बड़ा अपडेट, सरकार ने तय किया नया तापमान, बिजली बचाने जारी किए नए आदेश

दिल्ली में रिकॉर्ड बिजली खपत के बीच सरकार अब सख्त मोड में आ गई है. सरकारी दफ्तरों में एसी के तापमान से लेकर लाइट और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के इस्तेमाल तक नए नियम लागू किए गए हैं.

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गर्मी बढ़ने के साथ दिल्ली में बिजली की मांग लगातार रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच रही है. पिछले करीब एक हफ्ते से राजधानी में अधिकतम बिजली खपत 8 हजार मेगावाट से ऊपर बनी हुई है. आने वाले दिनों में यह आंकड़ा 9 हजार मेगावाट के पार भी जा सकता है. इसी को देखते हुए दिल्ली सरकार ने सभी विभागों को बिजली बचाने और ऊर्जा के सही इस्तेमाल को लेकर सख्त निर्देश जारी किए हैं.

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सरकारी दफ्तरों में जरूरत होने पर ही जलेंगी लाइटें

सरकारी दफ्तरों में जरूरत होने पर ही जलेंगी लाइटें2 / 9

सरकार के नए आदेश में कहा गया है कि सरकारी भवनों के कमरों, गलियारों, ऑफिस परिसर और सार्वजनिक जगहों पर केवल जरूरत पड़ने पर ही लाइट जलाई जाए. बेवजह बिजली खर्च रोकने के लिए विभागों को विशेष सावधानी बरतने को कहा गया है.

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बिजली बचाने के लिए लगाए जाएंगे मास्टर स्विच

बिजली बचाने के लिए लगाए जाएंगे मास्टर स्विच3 / 9

नई गाइडलाइन के तहत सरकारी कार्यालयों में मास्टर स्विच लगाने के निर्देश दिए गए हैं. इसका मकसद यह है कि आवश्यकता न होने पर एक साथ लाइट और दूसरे बिजली उपकरण बंद किए जा सकें, जिससे बिजली की खपत कम हो सके.

एसी का तापमान 24 से 26 डिग्री रखने का आदेश

एसी का तापमान 24 से 26 डिग्री रखने का आदेश4 / 9

सरकार ने सभी विभागों को निर्देश दिया है कि कार्यालयों में एसी का तापमान 24 से 26 डिग्री सेल्सियस के बीच रखा जाए. माना जाता है कि इस तापमान पर बिजली की बचत भी होती है और लोगों को आरामदायक माहौल भी मिलता है.  ये भी पढ़ें- 43°C रोज चल रहा AC, जानें 1 टन और 1.5 टन AC दिनभर चलाने पर कितने यूनिट बिजली खाता है?  

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ऑफिस समय खत्म होते ही बंद होंगे ये उपकरण

ऑफिस समय खत्म होते ही बंद होंगे ये उपकरण5 / 9

आदेश में साफ कहा गया है कि कार्यालय समय खत्म होने के बाद एसी, कूलर, पंखे, कंप्यूटर, प्रिंटर, फोटोकॉपी मशीन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बंद रखना अनिवार्य होगा. इसका उद्देश्य अनावश्यक बिजली खर्च को रोकना है.

ईंधन बचाने के लिए भी सरकार ने उठाए कदम

ईंधन बचाने के लिए भी सरकार ने उठाए कदम6 / 9

वैश्विक परिस्थितियों और ऊर्जा संकट को देखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील के बाद सरकार ने ईंधन बचत को लेकर भी कई फैसले लिए हैं. इसमें विभागों के ऊर्जा खर्च में कटौती और बिजली बचत पर खास जोर दिया गया है. ये भी पढ़ें- 1 टन और 1.5 टन AC को रोज कितनी देर चलाने पर बिजली बिल जीरो आएगा?  

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सप्ताह में दो दिन वर्क फ्रॉम होम की तैयारी

सप्ताह में दो दिन वर्क फ्रॉम होम की तैयारी7 / 9

ऊर्जा की बचत के लिए सरकार ने कई विभागों में सप्ताह में दो दिन वर्क फ्रॉम होम लागू करने की दिशा में कदम बढ़ाए हैं. इससे दफ्तरों में बिजली खर्च कम होने की उम्मीद जताई जा रही है.

सरकारी कर्मचारियों को मेट्रो से सफर करने की सलाह

सरकारी कर्मचारियों को मेट्रो से सफर करने की सलाह8 / 9

मंत्रियों से लेकर अधिकारियों और कर्मचारियों तक को सरकारी गाड़ियों की जगह मेट्रो और सार्वजनिक परिवहन का ज्यादा इस्तेमाल करने के लिए कहा गया है. इससे ईंधन की बचत के साथ ट्रैफिक और प्रदूषण कम करने में भी मदद मिल सकती है.

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बिजली बचत को लेकर जीएडी ने अलग से जारी किया आदेश

बिजली बचत को लेकर जीएडी ने अलग से जारी किया आदेश9 / 9

दिल्ली सरकार के सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) ने बिजली बचत को लेकर अलग से विस्तृत आदेश जारी किया है. इसमें सभी विभागों को ऊर्जा कुशल तरीकों को अपनाने और बिजली के दुरुपयोग को रोकने के लिए सख्त दिशा निर्देश दिए गए हैं. (Image Credit- AI)

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Mikita Acharya

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मिकिता आचार्य News24 में ऑटो एंड टेक राइटर हैं. पत्रकारिता में उन्हें 6 साल से ज्यादा का अनुभव है. मूल रूप से मध्यप्रदेश के राजगढ़ जिले की रहने वाली मिकिता ने इंदौर के देवी अहिल्या विश्वविद्यालय के स्कूल और जर्नलिज्म एंड मास कम्यनिकेशन (SJMC, DAVV) से मास्टर्स इन जर्नलिज्म किया है. वहीं श्री वैष्णव इंस्टीट्यूट से इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी, इंदौर से बीएससी की डिग्री ली है. अपने करियर की शुरुआत मिकिता ने 2019 में ईटीवी भारत, हैदराबाद से की, जहां उन्होंने कई ऑटो, टेक के अलावा न्यूज के लिए कॉटेंट लिखा. इसके बाद दैनिक भास्कर सब-एडिटर के तौर पर उन्होंने न्यूज के साथ इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिज्म के लिए भी काम किया. साइंस बैकग्राउंड होने की वजह से ऑटोमोबाइल और टेक्नोलॉजी से जुड़ी खबरें लिखने में मिकिता की गहरी रूचि है. News24 में इस पद पर रहते हुए वे ऑटो और टेक्नोलॉजी से जुड़ी प्रोडक्ट लॉन्च, इंडस्ट्री ट्रेंड्स और रिव्यूज पर रोजाना लेख लिख रही हैं. मिकिता ने ऑटो और टेक से जुड़े कई बड़े इवेंट में ग्राउंड रिपोर्टिंग भी की है. वह ऑटो और टेक इंडस्ट्री से जुड़े एक्सपर्ट्स के संपर्क में रहती हैं. कितने साल का अनुभव: 6+ योग्यता : SJMC, DAVV से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स श्री वैष्णव इंस्टीट्यूट से इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी में बीएससी पिछला अनुभव: दैनिक भास्कर, ETV भारत
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