गर्मियों में कार-बाइक टायर में नाइट्रोजन भरवाएं या फिर नॉर्मल हवा, कौन-सी बेस्ट?
गर्मियों में टायर में नाइट्रोजन भरवाने का ट्रेंड तेजी से बढ़ रहा है. दावा किया जाता है कि इससे टायर ठंडे रहते हैं, प्रेशर स्थिर रहता है और माइलेज भी बेहतर मिलता है. लेकिन क्या सच में नाइट्रोजन गैस टायरों के लिए इतनी फायदेमंद है? जानिए इसके बड़े फायदे और किन लोगों को जरूर भरवानी चाहिए नाइट्रोजन.

भीषण गर्मी सिर्फ लोगों को ही नहीं, कार और बाइक के टायरों को भी प्रभावित करती है. मई-जून में सड़क का तापमान कई बार 50°C तक पहुंच जाता है, जिससे टायर के अंदर की हवा फैलने लगती है और प्रेशर बढ़ जाता है. इसी वजह से कई लोग नॉर्मल हवा की जगह नाइट्रोजन भरवाना बेहतर मानते हैं. लेकिन क्या सच में इससे फायदा होता है या यह सिर्फ एक ट्रेंड बन चुका है?
आखिर टायर में नाइट्रोजन गैस क्या होती है?
2 / 6सामान्य हवा में करीब 78% नाइट्रोजन, 21% ऑक्सीजन और बाकी दूसरी गैसें होती हैं. वहीं, नाइट्रोजन फिलिंग के दौरान टायर में लगभग शुद्ध नाइट्रोजन भरी जाती है. नाइट्रोजन के कण ऑक्सीजन की तुलना में बड़े और ज्यादा स्थिर होते हैं, इसलिए यह टायर से धीरे-धीरे बाहर निकलती है. इसी वजह से टायर का प्रेशर लंबे समय तक बना रह सकता है.
नाइट्रोजन भरवाने का सबसे बड़ा फायदा
3 / 6नाइट्रोजन भरवाने से टायर का प्रेशर सामान्य हवा की तुलना में ज्यादा समय तक स्थिर रहता है. इससे बार-बार हवा चेक कराने की जरूरत कम पड़ती है. जो लोग लंबी दूरी तय करते हैं या हाईवे पर ज्यादा सफर करते हैं, उनके लिए यह काफी फायदेमंद माना जाता है. सही प्रेशर रहने से ड्राइविंग भी ज्यादा स्मूद महसूस हो सकती है. ये भी पढ़ें- गर्मियों में क्यों फट जाते हैं कार और बाइक के टायर? ड्राइवर जरूर जान लें ये बातें
गर्मी और हाईवे ड्राइव में कैसे मदद करती है?
4 / 6गर्मी में टायर का तापमान तेजी से बढ़ता है. ऐसे में नाइट्रोजन सामान्य हवा के मुकाबले तापमान में थोड़ा ज्यादा स्थिर व्यवहार करती है. इससे लंबे सफर के दौरान टायर के ओवरहीट होने का खतरा कुछ हद तक कम हो सकता है. यही वजह है कि रेसिंग कारों, एयरक्राफ्ट और भारी कमर्शियल वाहनों में लंबे समय से नाइट्रोजन का इस्तेमाल किया जाता रहा है.
माइलेज और टायर लाइफ पर भी पड़ता है असर
5 / 6अगर टायर का प्रेशर सही बना रहे तो रोलिंग रेजिस्टेंस कम होता है, जिससे कार या बाइक का माइलेज थोड़ा बेहतर मिल सकता है. हालांकि इसका असर बहुत बड़ा नहीं होता. इसके अलावा नॉर्मल हवा में मौजूद नमी और ऑक्सीजन धीरे-धीरे टायर और रिम के अंदरूनी हिस्सों को प्रभावित कर सकते हैं. नाइट्रोजन में नमी कम होने के कारण जंग लगने की संभावना भी कम हो सकती है, जिससे टायर और रिम की लाइफ बेहतर रह सकती है. ये भी पढ़ें- क्या गर्मियों में कार का टैंक फुल करवाने से लग सकती है आग? जानिए कितना सच है ये डर
क्या हर किसी को नाइट्रोजन भरवानी चाहिए?
6 / 6अगर आप अक्सर हाईवे पर ड्राइव करते हैं, लंबी दूरी तय करते हैं, गर्म इलाकों में रहते हैं या फिर नियमित रूप से टायर प्रेशर चेक नहीं कर पाते, तो नाइट्रोजन आपके लिए बेहतर विकल्प हो सकती है. हालांकि इसका मतलब यह नहीं कि सामान्य हवा खराब होती है. सबसे जरूरी बात यह है कि टायर का प्रेशर सही रहे और गर्मियों में टायरों की नियमित जांच होती रहे.