हमारे साथ जुड़ें X IG YT FB
Trending: CJP ProtestGyanesh KumarSIRBigg Boss 20

कौन है डांसिग गर्ल? जिसकी तस्वीर पर मचा हंगामा तो NCERT ने बदला फैसला, अब किताब में छपेगी ओरिजिनल फोटो

NCERT की नई कक्षा 9 की किताब मधुरिमा में सिंधु घाटी सभ्यता की प्रसिद्ध ‘डांसिंग गर्ल’ प्रतिमा की बदली हुई तस्वीर छापे जाने से विवाद खड़ा हो गया. इतिहासकारों और विशेषज्ञों का कहना है कि किताब में दिखाई गई तस्वीर मूल प्रतिमा से अलग है और इससे छात्रों के सामने ऐतिहासिक धरोहर की गलत तस्वीर पेश हो सकती है.

विज्ञापन

NCERT की नई कक्षा 9 की किताब मधुरिमा में सिंधु घाटी सभ्यता की प्रसिद्ध ‘डांसिंग गर्ल’ प्रतिमा की बदली हुई तस्वीर छापे जाने से विवाद खड़ा हो गया. इतिहासकारों और विशेषज्ञों का कहना है कि किताब में दिखाई गई तस्वीर मूल प्रतिमा से अलग है और इससे छात्रों के सामने ऐतिहासिक धरोहर की गलत तस्वीर पेश हो सकती है.

क्या है ‘डांसिंग गर्ल’?

डांसिंग गर्ल लगभग 4,500 साल पुरानी कांस्य (ब्रॉन्ज) की प्रतिमा है, जो मोहनजोदड़ो से मिली थी. मूल प्रतिमा में आकृति का ऊपरी हिस्सा स्पष्ट रूप से दिखाई देता है, लेकिन नई किताब में प्रकाशित तस्वीर में शेडिंग और रंगों का इस्तेमाल कर शरीर के कुछ हिस्सों को ढक दिया गया है. इसके कारण प्रतिमा का स्वरूप मूल कलाकृति से अलग नजर आता है.

यह तस्वीर किताब के पहले अध्याय हिस्ट्री ऑफ आर्ट्स में प्रकाशित की गई है. जब इसकी तुलना मूल प्रतिमा की तस्वीरों से की गई तो दोनों में साफ अंतर दिखाई दिया. दिलचस्प बात यह है कि NCERT की कक्षा 6 की सामाजिक विज्ञान की किताब में यही प्रतिमा अपने मूल रूप के काफी करीब दिखाई गई है.

विज्ञापन

अध्याय में डांसिंग गर्ल को मोहनजोदड़ो से प्राप्त लगभग 2600 ईसा पूर्व की कांस्य प्रतिमा बताया गया है. पुस्तक में कहा गया है कि मोहनजोदड़ो की इस कांस्य प्रतिमा को ‘लॉस्ट-वैक्स तकनीक’ से बनाया गया था, जो पश्चिम बंगाल, झारखंड और छत्तीसगढ़ में प्रचलित है. मोहनजोदड़ो से प्राप्त डांसिंग गर्ल सिंधु घाटी सभ्यता से जुड़ी सबसे प्रसिद्ध पुरातात्विक वस्तुओं में से एक मानी जाती है.

मधुरिमा के पहले अध्‍याय में प्रकाशित चित्र

यह तस्वीर एनसीईआरटी की नौवीं कक्षा की कला शिक्षा की नई पुस्तक “मधुरिमा” के पहले अध्याय “कला का इतिहास” में प्रकाशित की गई है. पुस्तक में प्रकाशित इस चित्र में प्रतिमा का ऊपरी हिस्सा मूल प्रतिमा की तस्वीरों की तुलना में बदला हुआ दिखाई दिया है. प्रतिमा के ऊपरी हिस्से पर छायांकन किया गया है, जिससे उसके शरीर के वे हिस्से साफ दिखाई नहीं दे रहे जो मूल मूर्ति में नजर आ रहे हैं.

विज्ञापन

इसके विपरीत, एनसीईआरटी की कक्षा छह की सामाजिक विज्ञान की पुस्तक में ‘डांसिंग गर्ल’ की तस्वीर मूल कांस्य प्रतिमा के अधिक करीब दिखाई देती है. एनसीईआरटी की कक्षा 6 की नयी सामाजिक विज्ञान पुस्तकों की समिति के प्रमुख रहे माइकल डैनिनो ने कहा कि उन्हें बताया गया था कि डांसिंग गर्ल की प्रतिमा को ‘उम्र के अनुसार उपयुक्त नहीं’ माना गया.

विवाद के बाद NCERT ने दी सफाई

तस्वीर को लेकर उठे विवाद के बीच NCERT ने सुधारात्मक कदम उठाने की घोषणा कर दी है. NCERT के निदेशक दिनेश प्रसाद सकलानी ने आजतक से बातचीत में कहा कि जैसे ही यह मामला उनके संज्ञान में आया, संबंधित विभाग को इसकी जांच करने के निर्देश दिए गए. उन्होंने बताया कि विषय विशेषज्ञों से काफी लंबे परामर्श के बाद विभाग ने पाठ्यपुस्तकों में प्रकाशित डांसिंग गर्ल की तस्वीर को उसके मूल स्वरूप वाली तस्वीर से बदलने का फैसला किया है. सकलानी के अनुसार, इस मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी गई है.

विज्ञापन

यह भी पढ़ें- [OUT] UPSC Prelims Result 2026: यूपीएससी प्रीलिम्स के रिजल्ट घोषित, 13343 कैंडिडेट शॉर्टलिस्ट, जानें कैसे चेक करें परिणाम?

पहले डिजिटल एडीशन में होगा सुधार

NCERT निदेशक ने कहा कि सबसे पहले डिजिटल संस्करण में यह सुधार लागू किया जा रहा है, ताकि छात्रों और शिक्षकों को सही तस्वीर उपलब्ध हो सके. वहीं, भविष्य में प्रकाशित होने वाले संशोधित मुद्रित संस्करणों में भी डांसिंग गर्ल की मूल तस्वीर ही शामिल की जाएगी.

विज्ञापन

डांसिंग गर्ल सिंधु घाटी सभ्यता की सबसे प्रसिद्ध कलाकृतियों में गिनी जाती है. इसकी ऊंचाई करीब 10.5 सेंटीमीटर है. प्रतिमा में एक युवती को एक हाथ कमर पर रखे, ठुड्डी ऊपर उठाए और एक घुटना मोड़े हुए दिखाया गया है. उसके शरीर पर कई चूड़ियां और एक हार भी दिखाई देते हैं. विशेषज्ञों के अनुसार यह प्रतिमा उस समय की कला और शिल्पकला का उत्कृष्ट उदाहरण मानी जाती है.

संबंधित खबरें

Tags:

न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

Know More: Editorial Guidelines

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Versha Singh

वर्षा स‍िंह News 24 ड‍िजिटल में बतौर सीन‍ियर सब एड‍िटर के पद पर कार्यरत हैं. वर्षा को ड‍िजिटल मीड‍िया में 6 साल से अधि‍क का अनुभव है. राष्‍ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और समसमाय‍िक व‍िषयों पर वर्षा की अच्‍छी पकड़ है. इसके अलावा राजनीत‍िक, क्राइम और ट्रेंडिंग खबरें भी ल‍िखती हैं. वर्षा ने मास्टर इन न्यू मीडिया टेक्नोलॉजी की पढ़ाई माखन लाल चतुर्वेदी यूनिवर्सिटी, भोपाल से की है और जर्नलिज्म एवं मास कम्युनिकेशन में स्नातक की डिग्री लखनऊ विश्वविद्यालय से प्राप्त की है. वर्षा अपने करियर में Jagran New Media, Asia News International (ANI) और ETV Bharat जैसे प्रमुख मीडिया संस्थानों के साथ काम कर चुकी हैं. उन्हें हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में लेखन और समसामयिक घटनाओं, राजनीति, हाइपरलोकल खबरों और मानवीय रुचि से जुड़ी कहानियों को डिजिटल दर्शकों तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने का अनुभव है.
... और पढ़ें

ताज़ा खबरें

Sponsored Links by Taboola